पंजाब के हर जिले में आप का जादू सिर चढ़कर बोला और सूपड़ा साफ कर दिया लेकिन दोआबा के अहम जिले कपूरथला में आप कहीं नजर नहीं आई। दोआबा के जरनैल राणा गुरजीत सिंह, फायर ब्रांड नेता सुखपाल खैरा, तेज-तर्रार अकाली नेता बीबी जागीर कौर सरीखे दिग्गजों के जिले में आप जीत का स्वाद नहीं चख सकी। एक हिसाब से जिले में पहली बार कांग्रेस का दबदबा दिखा है। जिसने एक अलग ही सियासत दिखाई है। हालांकि इस बार खुद राणा गुरजीत सिंह कपूरथला से पिछली बार की 29 हजार की लीड की तुलना में महज 7254 वोट से जीत की हैट्रिक लगाई है, उन्हें आम आदमी पार्टी से तगड़ी चुनौती मिली।
वहीं भुलत्थ में सुखपाल खैरा को शिअद की बीबी जागीर कौर ने टक्कर दी। फगवाड़ा में आप के जोगिंदर सिंह मान और सुल्तानपुर लोधी में सज्जन सिंह चीमा ने अपने प्रतिद्वंदियों की नाक में दम कर रखा।
राणा पिता-पुत्र ने बनाया रिकॉर्ड
सुल्तानपुर लोधी में कांग्रेस बनाम कांग्रेस की सियासत के बीच कपूरथला से राणा गुरजीत सिंह और सुल्तानपुर लोधी में अपनी पार्टी के उम्मीदवार के खिलाफ बेटे इंद्रप्रताप सिंह को उतारकर राणा गुरजीत सिंह ने सरेआम हाईकमान तक को न केवल चुनौती दी, वहीं जिताकर नया रिकॉर्ड भी कायम किया हैं, हालांकि चुनाव प्रचार के दौरान राणा गुरजीत सिंह ने पार्टी की गरिमा का भी पूरा ध्यान रखा।
सुल्तानपुर लोधी सीट भी राणा ने कांग्रेस की झोली में डाली
कपूरथला से विधायक राणा गुरजीत सिंह ने मीडिया से बातचीत में फिर से अपनी पुरानी बात दोहराई और कहा कि राणा इंद्रप्रताप सिंह की जीत कांग्रेस की जीत है। यह सीट वह कांग्रेस की झोली में डालते हैं। हालांकि यह बात राणा गुरजीत सिंह ने पहले भी कई बार कह चुके हैं। वहीं आजाद जीते राणा इंद्रप्रताप ने भी जीत कांग्रेस की झोली में डालने की बात कही।
जिले में 35 प्रत्याशी, 21 की जमानत जब्त
कपूरथला में 35 प्रत्याशी सियासी किस्मत आजमा रहे थे। इनमें से 21 प्रत्याशियों जीत तो दूर अपनी जमानत नहीं बचा सके। भुलत्थ में पहली बार भाजपा समर्थित कैप्टन अमरिंदर सिंह की पंजाब लोक कांग्रेस (पीएलसी) से चुनाव मैदान में उतरे राणा गुरजीत सिंह के खासमखास अमनदीप सिंह गोरा गिल और कपूरथला में भाजपा के रणजीत सिंह खोजेवाल की जमानत जब्त हो गई। कपूरथला सीट से शिअद-बसपा प्रत्याशी दविंदर सिंह ढपई काडर वोट हासिल करना तो जमानत सुरक्षित नहीं रख पाए हैं।
फगवाड़ा विधानसभा से सात प्रत्याशियों में से तीन, भुलत्थ में दस प्रत्याशियों में सात, सुल्तानपुर लोधी में दस में छह और कपूरथला हलके से आठ में से छह उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई है। कपूरथला से भाजपा प्रत्याशी रणजीत सिंह खोजेवाल को 6664 और शिअद-बसपा प्रत्याशी दविंदर सिंह ढपई को महज 8583 वोट ही मिले। 2017 में शिरोमणि अकाली दल के उम्मीदवरा एडवोकेट परमजीत सिंह पम्मा को 27561 वोट मिले। इस बार यह आंकड़ा बसपा से गठबंधन के बाद 10 हजार से नीचे चला गया।
भुलत्थ से भाजपा समर्थित कैप्टन अमरिंदर सिंह की पीएलसी से चुनाव में किस्मत आजमाने उतरे राणा गुरजीत सिंह के खासमखास अमनदीप सिंह गोरा गिल को महज 1190 वोट मिले। फगवाड़ा से भाजपा की टिकट पर उतरे पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री विजय सांपला 15408 वोट लेकर चौथे स्थान पर रहे, वह जमानत बचाने में कामयाब रहे। सांपला से बढ़िया प्रदर्शन तो बसपा प्रत्याशी जसवीर सिंह गढ़ी का रहा जो 31130 वोट लेकर तीसरे स्थान पर रहे। सुल्तानपुर लोधी में दो बार कांग्रेस के विधायक रहे नवतेज सिंह चीमा को 13393 वोट हासिल हुए।