अस्पताल में भर्ती गुरसेवक और उसकी मां कमलजीत कौर।
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पंजाब के जालंधर में कोरोना के कारण स्थिति खराब होती जा रही है। आए दिन अस्पतालों में दाखिल मरीज अपनी जान गंवा रहे हैं। इनमें से कुछ तो कोरोना के कारण दम तोड़ रहे हैं और कुछ अस्पताल प्रबंधन की गलती का शिकार हो रहे हैं। ऐसा ही एक मामला पंजाब इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेस (पिम्स) में सामने आया है। यहां दाखिल कोरोना संक्रमित मरीज की मौत के बाद अस्पताल प्रबंधन पर उंगलियां उठनी शुरू हो गई हैं।
मरने वाले युवक ने तीन दिन पहले ही अपनी मां को मैसेज भेजा था कि मैं यहां मर जाऊंगा, मुझे ले जाओ..। इससे पहले कि उसकी मां कुछ कर पाती युवक ने दम तोड़ दिया। जान गंवाने वाले युवक की पहचान नवांशहर के रहने वाले 24 साल के गुरसेवक सिंह के रूप में हुई है।
अपने बेटे की मौत के बाद कमलजीत कौर ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि उसके बेटे ने उन्हें मैसेज भेजे कि उसे 3 दिन से ऑक्सीजन नहीं मिल रही है। यहां तक कि उसे पानी भी नहीं दिया जा रहा है। बेटे ने उससे कहा था कि उसका यहां सही ढंग से इलाज नहीं हो रहा है और उसे लग रहा है कि वह मर जाएगा, उसे बचा लो।