चंडीगढ़। कार की टक्कर में हुई फूड डिलीवरी ब्वॉय की मौत के मामले में मोटर व्हीकल एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल ने मृतक के माता-पिता को 14.10 लाख रुपये मुआवजा राशि के तौर पर देने के आदेश दिए हैं। अदालत ने मुआवजे की रकम जिस वाहन से हादसा हुआ था, उसकी बीमा कंपनी को अदा करने आदेश दिया है। पांच साल पहले 10 जनवरी 2019 में यह हादसा उस समय हुआ जब सोहाना का रहने वाला 19 वर्षीय युवक हैप्पी शर्मा बाइक पर मोहाली से घर आ रहा था। जैसे ही उसने सोहाना के पास लाइट प्वाइंट पार किया तेज रफ्तार में आ रही हरियाणा नंबर की कार ने बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में हैप्पी को गंभीर चोटें आईं। उपचार के दौरान पीजीआई में उसकी मौत हो गई।
सड़क हादसे में बेटे की हुई मौत के बाद पिता भोला राम और माता मंजीत कौर ने मुआवजे की मांग को लेकर याचिका दायर की थी। याचिका में उन्होंने कहा कि उनका बेटा जोमैटो कंपनी में फूड डिलीवरी ब्वाय के तौर पर काम करता था। परिवार ने अदालत को बताया कि घटना के समय हैप्पी सिर्फ 19 साल का था और वह जोमैटो कंपनी में 40 हजार रुपये हर महीने कमाता था। 10 जनवरी 2019 को हुए हादसे के वक्त वह फेज-10 से सोहाना स्थित घर आ रहा था। उसके साथ काम करने वाला साथी युवक चरणप्रीत सिंह मोटरसाइकिल चला रहा था और वह पीछे बैठा हुआ था। उन्हीं के पीछे दूसरी मोटरसाइकिल पर उसका भाई आ रहा था। रात 10 बजे करीब जैसे ही वह लाइट प्वाइंट पार कर सोहाना की तरफ पहुंचे उसी दौरान हरियाणा नंबर कार ने हैप्पी की बाइक को टक्कर मार दी। गाड़ी को अंबाला के मोती नगर का सुनील कुमार चला रहा था। परिवार ने आरोप लगाया कि चालक गाड़ी को तेज रफ्तार और लापरवाही से चला रहा था, जिस वजह से हादसा हुआ।