नोएडा और रोहतक के ध्यानार्थ
अपना घर मामले में 27 को सुनाई जाएगी दोषियों को सजा
- दोषियों ने अदालत से कम से कम सजा देने की लगाई गुहार
- तत्कालीन सीडीपीओ को साक्ष्यों के अभाव में कर दिया था बरी
अमर उजाला ब्यूरो
पंचकूला।
रोहतक के बहुचर्चित ‘अपना घर’ मामले में सीबीआई की विशेष अदालत में दोषियों को सजा सुनाने से पहले बचाव पक्ष ने अपनी दलीलें रखीं। दोषियों ने अदालत से कम से कम सजा देने की गुहार लगाई। अब इस मामले में दोषी करार दिए गए आरोपियों को 27 अप्रैल को सजा सुनाई जाएगी।
18 अप्रैल को सीबीआई की विशेष अदालत में हुई सुनवाई के दौरान नौ आरोपियों को दोषी करार दिया गया था, जबकि तत्कालीन सीडीपीओ अंग्रेज कौर को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया गया था। इस मामले में मुख्य आरोपी और अपना घर की संचालिका जसवंती देवी समेत अन्य दोषी भी अदालत में पेश हुए। इस दौरान बाहर मौजूद परिजनों और रिश्तेदारों के चेहरे पर चिंता की लकीरें साफ दिख रही थी। रोहतक स्थित अनाथालय अपना घर में आठ मई, 2012 को राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग की टीम ने छापेमारी की थी। ‘अपना घर’ से लापता हुई तीन लड़कियों के लापता होने का खुलासा होने पर दिल्ली से उन्हें सुरक्षित लाया गया। छापेमारी के दौरान खुलासा हुआ था कि आरोपियों की मिलीभगत से अनाथालय में रहने वाली लड़कियों का देह व्यापार, यौन शोषण, मारपीट और मानव तस्करी में इस्तेमाल किया जाता है। इसके बाद पुलिस ने जसवंती देवी सहित 10 आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था।