पंजाब मंत्रिमंडल ने सोमवार को मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में विभिन्न मामलों पर निर्णय लेते हुए ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग की ओर से चलाए जा रहे 5752 स्कूलों में ईटीटी अध्यापकों के 13034 स्वीकृत पदों को राज्य शिक्षा विभाग में विलय करने का फैसला भी लिया है।
इसके साथ ही ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग के 582 सिविल वेटरनरी अस्पतालों में कार्य कर रहे रूरल वेटरनरी अधिकारियों के 583 पद पशुपालन विभाग में विलय करने को भी हरी झंडी दी गई। वहीं, किसानों को 150 रुपये प्रति एकड़ प्रति फसल लिए जाते अबियाने को समाप्त करने का फैसला किया है।
राज्यभर में मौजूदा नहरी प्रणाली को नया रूप देने के लिए मंत्रिमंडल ने इंडियन कनाल एवं ड्रेनेज एक्ट 1873 में संशोधन को मंजूरी प्रदान करते हुए अबियाने की जगह प्रति फसल प्रति एकड़ 50 रुपये की दर से जल सेस लगाने की मंजूरी दी गई।