दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष विजेंद्र गुप्ता ने आम आदमी पार्टी की अगुवाई वाली सरकार पर निजी स्कूलों को लेकर ड्रामेबाजी का आरोप लगाया है। गुप्ता का कहना है कि सरकार ने निजी स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए कोई ठोस कानून नहीं बनाया है।
अभिभावकों को गुमराह कर रहे हैं। बड़ी संख्या में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों को दाखिला नहीं मिल रहा है जिससे वे बाल श्रम करने को मजबूर हैं। स्कूलों में सीटें खाली हैं। जहां दाखिले हुए हैं, वहां निशुल्क किताब व वर्दी नहीं दी जा रही है।
गुप्ता ने कहा कि सरकार ने जितने आदेश जारी किए हैं, उन्हें स्कूल प्रबंधकों ने मानने से इनकार कर दिया है। शिक्षा मंत्री के फीस लौटाने का आदेश भी डीपीएस मथुरा रोड व रोहिणी शाखा ने मानने से मना कर दिया है। स्कूल के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है।