जिला शिक्षा विभाग कार्यालय एवं लघु सचिवालय के सामने नियुक्ति पत्र की मांग को लेकर हंगामा करना जेबीटी शिक्षकों को भारी पड़ गया। शिक्षा विभाग ने प्रदर्शन में शामिल किसी भी शिक्षक की हाजिरी नहीं लगाई। इन शिक्षकों की अनुपस्थिति मानकर रिपोर्ट चंडीगढ़ भेज दी गई है। शिक्षकों पर विभागीय कार्रवाई तय मानी जा रही है।
नियुक्ति पत्र की मांग को लेकर जेबीटी शिक्षकों ने पांच मई को लघु सचिवालय पर धरना-प्रदर्शन किया था। हालांकि, शिक्षा विभाग ने माना था कि कुछ शिक्षकों के उकसावे में आकर जेबीटी शिक्षकों ने हंगामा किया। विभाग ने इस प्रदर्शन की अगुवाई करने वाले शिक्षकों की पहचान कर ली है। इसके आधार पर सूची तैयार की गई है।
बताया जाता है कि नई नियुक्ति के बाद दो वर्ष का प्रोबेशन पीरियड होता है। ऐसे में 33 महीने से नियुक्ति मिलने का इंतजार कर रहे जेबीटी शिक्षकों को आने वाले दिनों में परेशानी झेलनी पड़ सकती है। इन शिक्षकों की हाजिरी अब तक नहीं लग पाई है।
वह रोजाना शिक्षा विभाग के अधिकारियों से आग्रह कर रहे हैं, लेकिन विभाग द्वारा प्रदर्शन में शामिल होने का हवाला देकर हाजिरी लगाने से इनकार किया जा रहा है। जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी सतेंद्र कौर वर्मा ने बताया कि निदेशालय की ओर से दिए गए दिशा निर्देश का पालन किया जा रहा है।