हिमाचल प्रदेश टेक्निकल यूनिवर्सिटी हमीरपुर ने वार्षिक परीक्षाओं में नकल करने के आरोप में डेढ़ दर्जन इंजीनियरिंग छात्रों को एक और दो सेमेस्टर के लिए निष्कासित किया है। इनसे वार्षिक परीक्षाओं में 50 से 60 पेज की नकल सामग्री मिली थी।
कारण बताओ नोटिस जारी कर यूनिवर्सिटी के समक्ष अपना पक्ष रखने को कहा था। इनके जवाब से असंतुष्ट और नकल रोकने को विवि की कोर कमेटी ने इनके निष्कासन का फैसला लिया है। दिसंबर 2015 में वार्षिक परीक्षाएं हुई थीं।
विवि के फ्लाइंग स्क्वायड ने प्रदेश के विभिन्न कॉलेजों में 81 परीक्षार्थी नकल करते पकड़े थे। कुल 81 यूएमसी केस में बीटेक के 79, एमबीए के 2 छात्र शामिल हैं। बीटेक प्रथम सेमेस्टर के 35 छात्र, तीसरे सेमेस्टर के 17, पांचवें के 11, सातवें सेमेस्टर के 10, एमबीए प्रथम सेमेस्टर के 2 छात्र शामिल हैं।
नकल करते पकड़े गए 81 स्टूडेंट्स
टेक्निकल यूनिवर्सिटी ने वार्षिक परीक्षाओं में प्रदेश के कॉलेजों में छापामारी की थी। फ्लाइंग स्क्वायड ने 81 छात्रों को नकल करते पकड़ा था। परीक्षा नियंत्रक की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने नकल के सभी मामलों की सुनवाई की
इसके बाद 18 इंजीनियरिंग छात्रों को सस्पेंड करने का निर्णय हुआ। इनमें सात छात्रों को एक-एक सेमेस्टर, जबकि 11 छात्रों को दो-दो सेमेस्टर के लिए निष्कासित किया है। नकल के आरोप में जून 2015 में भी विवि के तीन दर्जन परीक्षार्थी एक और दो सेमेस्टर के लिए सस्पेंड हुए थे।
टेक्निकल यूनिवर्सिटी ने दिसंबर-जनवरी में वार्षिक परीक्षाओं में 81 छात्रों को नकल करते पकड़ा था। यूएमसी केस के बाद इनसे अपना पक्ष रखने को बुलाया गया था। 50 से 60 पेज की नकल सामग्री रखने वाले 18 छात्रों को एक और दो सेमेस्टर के लिए निष्कासित किया है। - प्रो. आरएल शर्मा, कुलपति, टेक्निकल यूनिवर्सिटी हमीरपुर