केंद्र सरकार ने मंत्रालयों, विभागों, सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों व रक्षा बलों से चमड़ा व जूता क्षेत्र के घरेलू उत्पादों को प्राथमिकता देने के लिए कहा है। यह कदम चमड़ा व जूता क्षेत्र को तेजी प्रदान करने के उद्देश्य से उठाया गया है। ई-टेंडर्स में इन्हें घरेलू चमड़ा, जूता और इनके अन्य सामान बनाने वाली कंपनियों को प्राथमिकता देना होगा।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह देश में निर्माण व उत्पादन के साथ-साथ मेक इन इंडिया को बढ़ावा देने के लिए औद्योगिक नीति व संवर्धन विभाग (डीआईपीपी) की मुहिम का हिस्सा है। अधिकारियों ने यह भी कहा कि घरेलू निर्माता जो सरकारी खरीद 2017 (मेक इन इंडिया को प्राथमिकता) के तहत विभागों को सैलरी, यात्रा का सामान, चमडे़ के कपडे़ व ऊंचाई वाले जूतों की आपूर्ति करते हैं, उन्हें भी अपने उत्पादन में कुछ फीसदी घरेलू सामानों का इस्तेमाल करना होगा।