एमराल्ड कोर्ट सोसायटी मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सुपरटेक रियल इस्टेट डेवलपर्स को 10 करोड़ रुपये रजिस्ट्री में जमा करने के लिए कहा है। वहीं इस मामले में नेशनल बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कॉरपोरेशन (एनबीसीसी) में इस मामले में अपनी रिपोर्ट शीर्ष अदालत को सौंप दी है। न्यायमूर्ति दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली पीठ ने सुपरटेक को 10 करोड़ रुपये जमा करने का निर्देश दिया है।
पीठ ने कहा कि यह निर्देश इसलिए दिया जा रहा है कि वे निवेशक जो पैसा वापस लेना चाहते हैं उनमें भम्र की स्थिति न रहें। वहीं पीठ ने एडिशनल सॉलिसिटर जनरल(एएसजी) पीएस नरसिंहा को एनबीसीसी की रिपोर्ट को पढ़कर अदालत को अवगत कराने के लिए कहा है।
मालूम हो कि गत 27 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट ने एनबीसीसी को नोएडा एक्सप्रेस-वे स्थित सुपरटेक की परियोजना एमराल्ड कोर्ट सोसायटी के दो टावरों का निरीक्षण कर यह बताने के लिए कहा है कि क्या इनका निर्माण नियमों के अनुरूप किया गया है या नहीं?