बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने शुक्रवार को कहा कि पेट्रोल तथा डीजल को जब वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के दायरे में लाया जाएगा, तो उस पर सर्वाधिक 28 फीसदी जीएसटी के साथ ही राज्यों द्वारा भी कुछ कर लगाए जाएंगे, जिससे उनकी खुदरा कीमतें वही रहेंगी, जो वर्तमान में हैं।
मोदी ने हालांकि यह भी कहा कि पेट्रोल तथा डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने के लिए राज्यों को राजी करने में कुछ समय लगेगा और दोनों ईंधनों को कब जीएसटी में लाया जाएगा, इसपर अंतिम फैसला जीएसटी काउंसिल लेगा। मोदी पीएचडी चैंबर ऑफ कॉमर्स में आयोजित एक बैठक में यह बात कही। उन्होंने कहा कि राज्यों का 45 से 50 फीसदी राजस्व पेट्रोल और डीजल की बिक्री से मिलने वाले करों से आता है।