डॉलर के मुकाबले गिरते हुए रुपये के बीच आपके लिए एक और बुरी खबर। अगले महीने भारतीय रिजर्व बैंक अपने रेपो रेट में और बढ़ोतरी कर सकता है, जिसके बाद होम और ऑटो लोन लेना महंगा हो जाएगा। ऐसा इसलिए क्योंकि रुपये पिछले पांच दिनों में 2 फीसदी से अधिक टूट चुका है। एसबीआई ने भी इकोरैप रिसर्च रिपोर्ट में यह बात कही है।
सरकार नहीं उठाएगी कोई कदम
इस बीच वित्त मंत्रालय के अफसर ने संकेत दिए कि सरकार रुपए में गिरावट को रोकने के लिए कदम नहीं उठाएगी। 2013 में 5 माह में 30% कमजोर हुआ था। रुपये को 64 से 71 तक आने में 8 महीने लगे। लेकिन 2013 में यह 5 महीने में ही 53 से 69 तक पहुंच गया था। इसलिए जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के मुख्य रणनीतिकार आनंद जेम्स ने कहा कि एक डॉलर की कीमत 73 तक जा सकती है।
एसबीआई ने किया था इजाफा
देश के सबसे बड़े बैंक-- भारतीय स्टेट बैंक ने लोन की ब्याज दरों में इजाफा कर दिया है। इसका मतलब यह है कि होम लोन से लेकर के पर्सनल लोन तक सभी महंगे हो गए हैं। बैंक ने ब्याज दरों में 0.2 फीसदी की बढ़ोतरी की है।
इतनी अवधि वाले लोन पर मार
बैंक ने तीन साल तक की अवधि वाले लोन पर ब्याज दरों को बढ़ाया है। अब बैंक का एक महीने की अवधि वाला एमसीएलआर (मॉर्जिनल कॉस्ट ऑफ लैंडिंग रेट) 7.9 फीसदी से बढ़कर 8.1 फीसदी हो गया है। वहीं एक साल की अवधि वाला एमसीएलआर 8.25 फीसदी से बढ़कर 8.45 फीसदी हो गया है। वहीं तीन साल की अवधि वाले लोन के लिए आपको 8.45 फीसदी की जगह 8.65 फीसदी ब्याज देना होगा।
1 अगस्त को आरबीआई ने दिया था झटका
भारतीय रिजर्व बैंक ने बड़ा झटका देते हुए रेपो रेट में 0.25 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोतरी कर दी है। केंद्रीय बैंक ने रिवर्स रेपो रेट में भी बदलाव कर दिया है। अब नया रेपो रेट 6.5 फीसदी और रिवर्स रेपो रेट 6.25 फीसदी हो गया है। इससे लोगों के लिए लोन लेना काफी महंगा हो जाएगा।