डी-रेमिट के तहत एनपीएस सब्सक्राइबर की ओर से शनिवार, रविवार और अवकाश को छोड़कर सभी दिन सुबह 9.30 बजे तक ट्रस्टी बैंक को मिली स्वैच्छिक सहयोग राशि को उसी दिन की नेट एसेट वैल्यू (NAV) देने के लिए स्वीकार किया जाएगा। इसके तहत कम से कम 500 रुपये की सहयोग राशि ही स्वीकार की जाएगी। डी-रेमिट सुविधा के लिए वर्चुअल आईडी होनी अनिवार्य है। सब्सक्राइबर सेंट्रल रिकॉर्डकीपिंग एजेंसी (CRA) के पोर्टल को एक्सेस कर सकते हैं, जिसके बाद सब्सक्राइबर को परमानेंट रिटायरमेंट अकाउंट नंबर (PRAN) में रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर ओटीपी भेजा जाएगा।
अब नॉमिनेशन में बदलाव ऑनलाइन संभव
- एनपीएस नॉमिनेशन में ऑनलाइन बदलाव करने के लिए अपने सीआरए सिस्टम में लॉगइन करें और डेमोग्राफिक चेंजेस मैन्यु में अपडेट पर्सनल डिटेल्स पर क्लिक करें।
- अब एड/अपडेट नॉमिनी डिटेल का ऑप्शन चुनें। फिर नॉमिनी का नाम, उससे अपना रिश्ता और उसकी हिस्सेदारी का हिस्सा जैसी जरूरी जानकारी भरें।
- अब इसे सेव और कंफर्म करने पर सब्सक्राइबर को रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर मिले ओटीपी के जरिए जानकारी का सत्यापन करना होगा।
- इसके बाद ई-सिग्नेचर के जरिए नॉमिनेशन में किए गए बदलावों का सत्यापन करें। अब एनपीएस रिकॉर्ड में नॉमिनेशन डिटेल्स अपडेट हो जाएंगी।
ओटीपी से भी खोल सकते हैं NPS खाता
पेंशन कोष नियामक एवं विकास मालूम हो कि हाल ही में पीएफआरडीए ने एनपीएस से जुड़ने के लिए वन-टाइम पासवर्ड (OTP) सुविधा पेश की थी। पीएफआरडीए पहले से ई-हस्ताक्षर के जरिए बिना किसी कागजी दस्तावेज के ऑनलाइन एनपीए खाता खोलने की सुविधा उपलब्ध करा रहा है।
लेकिन अब नियामक ने एनपीएस खाता खोलने तथा उसे और आसान बनाने के लिए कदम उठाया है। इसके तहत अंशधारक अब ओटीपी के जरिए अपना एनपीएस खाता खोल सकते हैं। इसमें पीओपी (प्वाइंट ऑफ प्रजेंस) के लिए पंजीकृत बैंक के ग्राहक अगर संबंधित बैंक के इंटरनेट बैंकिंग के जरिए एनपीएस खाता खोलना चाहते हैं, वे पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ओटीपी प्राप्त कर खाता खोल सकते हैं।