वेतनभोगियों की अक्सर शिकायत रहती है कि ऑफिस वाले आयकर मद में कितनी राशि काट रहे हैं, इसकी सही जानकारी नहीं मिलती। इसका पता तो तब चलता है, जब साल भर का फॉर्म 16 हाथ में आता है।
अब ऐसा नहीं होगा क्योंकि केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने वेतनभोगियों के लिए टीडीएस के मामले में एसएमएस अलर्ट सेवा की शुरुआत की है। केंद्रीय वित्तमंत्री, अरुण जेटली ने इस सेवा को शुरू किया।
इस सुविधा की लांचिंग के अवसर पर बताया गया कि अब टीडीएस के जरिये पैसे काटकर आयकर विभाग द्वारा पास करने के बाद कर्मचारी को एसएमएस से सूचना दी जाएगी। फिलहाल यह सुविधा करीब ढाई करोड़ वेतनभोगियों के लिए है और उन्हें एसएमएस के जरिये हर तिमाही सूचना मिलेगी।
'देनदारी से ज्यादा आयकर काट लेती हैं कंपनियां'
income tax department
आयकर विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि कई बार देखा गया है कि कोई कंपनी कर्मचारी का आयकर देनदारी से ज्यादा काट लेती है। इस बात का पता कर्मचारी को तब चलता है, जब वह फॉर्म 16 लेकर पिछले वित्त वर्ष के लिए अपना टैक्स रिटर्न दाखिल करता है।
इसी से छुटकारा पाने के लिए इस सुविधा को लाया गया है, ताकि करदाता और आयकर विभाग के बीच विश्वास मजबूत हो पाए। वहीं ऐसे भी कुछ मामले सामने आए हैं, जब कंपनी ने वेतन से आयकर तो काट लिया, लेकिन उसे विभाग के पास जमा नहीं कराया।
इस सुविधा से इस चक्कर से भी निजात मिल जाएगी। सीबीडीटी की अध्यक्ष, रानी सिंह नायर का कहना है कि इस तरह की धोखाधड़ी से बचने के लिए विभाग ने ऐसा सिस्टम तैयार किया है, जिससे कर्मचारी को सूचना दी जाएगी कि वेतन से काटा गया आयकर, विभाग के पास जमा हो गया है या नहीं।