बेहतर जिंदगी के लिए हमें स्वास्थ्य बीमा अवश्य खरीदनी चाहिए। ग्राहकों को ध्यान में रखते हुए विभिन्न बीमा कंपनियां अलग-अलग प्रकार की व्यक्तिगत हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी उपलब्ध कराती है। इन सभी पॉलिसी में ग्राहकों को खास सुविधाएं मिलती हैं। अब भारतीय बीमा विनियामक एवं विकास प्राधिकरण ( IRDAI ) ने बीमा कंपनियों को एक लाख से पांच लाख रुपये तक की व्यक्तिगत हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी उपलब्ध कराने को कहा है। इस उत्पाद को एक अप्रैल 2020 से पेश किया जाएगा।
इरडा ने दिए दिशानिर्देश
इस संदर्भ में इरडा ने गुरुवार को दिशानिर्देश जारी किए हैं। इरडा ने कहा है कि, 'ग्राहकों के लिए कई तरह के इंश्योरेंस पॉलिसी के उत्पाद उपलब्ध हैं। प्रत्येक उत्पाद में ग्राहकों को कई सविधाएं मिलती हैं। लेकिन सही उत्पाद का चयन करना लोगों के लिए चुनौतीपूर्ण हो जाता है। इसलिए इरडा ने बीमा कंपनियों के लिए व्यक्तिगत चिकित्सा बीमा उत्पाद की पेशकश करने के लिए अनिवार्य कर दिया है।
आरोग्य संजीवनी पॉलिसी होगा उत्पाद का नाम
इरडा के अनुसार, इस उत्पाद का नाम आरोग्य संजीवनी पॉलिसी होगा। इसके बाद कंपनियां इसमें अपना नाम जोड़ सकती हैं। इरडा ने कहा है कि दस्तावेजों में इसे छोड़कर किसी अन्य नाम का जिक्र नहीं होना चाहिए। इतना ही नहीं, नियामक ने यह भी कहा है कि यह बीमा उत्पाद पोर्टेबल होगा और इसका प्रीमियम राज्यों या क्षेत्रों के आधार पर अलग-अलग नहीं होकर पूरे देश में एकसमान होगा।
ग्राहकों को होगा फायदा
आरोग्य संजीवनी पॉलिसी उपभोक्ताओं की आधारभूत चिकित्सा जरूरतों की कवरेज देगा। बता दें कि इसके तहत अधिकतम पांच लाख रुपये और न्यूनतम एक लाख रुपये का कवरेज होगा। साथ ही इसमें एड-ऑन या वैकल्पिक कवरेज की पेशकश नहीं होगी। इरडा ने कहा है कि बीमा कंपनियां जारी किए गए दिशानिर्देशों के अनसार, इस मानक उत्पाद की कीमतें निर्धारित कर सकती हैं।
इन खर्चों को किया जाएगा शामिल
- अस्पताल में भर्ती होने का खर्च
- एक सीमा तक मोतियाबिंद के इलाज का खर्च
- किसी बीमारी या चोट के कारण आवश्यक प्लास्टिक सर्जरी
- दांतों के इलाज का खर्च
- सभी प्रकार का डे-केयर इलाज
- प्रति भर्ती पर अधिकतम दो हजार रुपये का एंबुलेंस शुल्क