सुरमीत कौर को क्रेडिट कार्ड से धन निकासी के लिए उच्च शुल्क तथा ब्याज देना पड़ा, जिसकी उन्होंने कल्पना भी नहीं की थी। वह जानना चाहती हैं कि उन्हें नकदी निकालने की ऐसी कीमत क्यों चुकानी पड़ी।
क्रेडिट कार्ड आपको ऑनलाइन किराना या किसी दुकान से कुछ खरीदने और ट्रेन के टिकट इत्यादि के भुगतान जैसी सुविधाएं देता है।
आपने जितना धन इस रूप में उधार लिया है, उसे यदि मुफ्त क्रेडिट अवधि, जो कि अमूमन एक हफ्ते से 45 दिन की होती है, में चुका दिया, तो आपको सिर्फ उतना ही धन देना होता है, जितना आपने क्रेडिट कार्ड से खर्च किया है। यदि आपने क्रेडिट कार्ड के बैलेंस का भुगतान नियत तिथि से पहले नहीं किया, तो आपको ब्याज देना होगा।
क्रेडिट कार्ड से लाभ
यदि आप समझदारी के साथ क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करें, तो यह न केवल आपको एक सीमित अवधि तक मुफ्त में उधारी की सुविधा देता है, बल्कि यह आपको नकदी के प्रवाह को नियंत्रित रखने में भी मदद करता है। इस प्लास्टिक कार्ड की सुरक्षा तथा विशेष रूप से डिजिटल लेन-देन में इसके इस्तेमाल की सुविधा ने इसे भुगतान का पसंदीदा तथा मानक विकल्प बना दिया है। क्रेडिट कार्ड के इस्तेमाल का एक लाभ यह है कि आपकी क्रेडिट हिस्ट्री (उधार चुकाने की आपकी साख) भी बनती जाती है, जो कि तब मददगार होती है, जब आप बड़ा धन ऋण में लेना चाहते हैं, मसलन होम लोन।
इसके अलावा, क्रेडिट कार्ड में रिवार्ड (पुरस्कार) की सुविधा भी होती है, जोकि कैशबैक या रिवार्ड्स पाइंट के रूप में होता है। इसके अलावा को-ब्रांडेड कार्ड भी होते हैं, जो कुछ विशेष तरह की रियायत देते हैं। मसलन, किसी एयरलाइन या फ्यूल को-ब्रांडेड कार्ड हवाई यात्रा की टिकट या अपने वाहन में ईंधन भरवाने पर अतिरिक्त रिवार्ड्स पाइंट देते हैं। आप रिवार्ड पाइंट को क्रेडिट कार्ड का सक्रियता के साथ इस्तेमाल किए जाने पर बोनस मिलने जैसा मान सकते हैं। कुछ कार्ड रिवार्ड पाइंट के रूप में सालाना शुल्क माफ करते हैं, तो कुछ अन्य तरह की रियायत देते हैं।
नकदी निकालने का दूसरा पहलू
क्रेडिट कार्ड से लाभ होने के साथ ही कुछ नुकसान भी जुड़ा है, मगर इसके पीछे कार्ड को लेकर सही समझ का अभाव है। अनेक क्रेडिट कार्डधारक, जो सबसे बड़ी गलती करते हैं , वह यह कि वे यह मानते हैं कि क्रेडिट कार्ड से हुई खरीद के एवज में भुगतान के लिए कोई समय सीमा तय नहीं है। इसी तरह से क्रेडिट कार्ड के बकाए का भुगतान बीलिंग साइकल के भीतर ही कर देना चाहिए, ताकि कार्ड से मिलने वाला पूरा लाभ उठाया जा सके। नियत तिथि के बाद भुगतान करने पर विलंब शुल्क तथा ब्याज देना होता है, जिससे खरीदारी महंगी हो जाती है। कई ऐसे मामले भी आए हैं, जब नियत समय पर क्रेडिट कार्ड के बिल का भुगतान करने पर ब्याज सहित कुल राशि बहुत अधिक हो गई।
इसी तरह से क्रेडिट कार्ड से नकद निकासी वित्तीय रूप से एक गंभीर चूक साबित होगी, क्योंकि यह बहुत महंगी है। क्रेडिट कार्ड से नकद आहरण करने से अतिरिक्त बोझ पड़ता है, जिसमें कैश एडवांस फी शामिल होती है। यह निकाली गई राशि की ढाई से तीन गुना तक हो सकती है, जिसमें न्यूनतम ढाई से लेकर पांच सौ रुपये तक है। यानी यदि आपने क्रेडिट कार्ड से एक हजार रुपये नकद निकालने हैं, तो आपको 250 रुपये कैश एडवांस फी के रूप में भी देना होगा। इसके अलावा एक वित्तीय शुल्क भी देना होगा, जिसकी गणना निकासी के दिन से लेकर भुगतान के दिन तक की अवधि में की जाएगी। इसके अलावा नकद आहरण पर ब्याज भी देना होगा।
सुरमीत को क्रेडिट कार्ड की नकद निकासी का भुगतान तुरंत करना चाहिए और भविष्य में क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल नकद आहरण के लिए नहीं करना चाहिए। ध्यान रहे नकद निकासी के भुगतान के लिए ब्याज मुक्त अवधि नहीं होती; जिस दिन क्रेडिट कार्ड से धन की निकासी की गई, उसी दिन से ब्याज लगना शुरू हो जाता है।