केंद्र सरकार ऐसा कानून लाने की तैयारी में है, जिसके तहत उसे कुछ क्षेत्रों के कर्मचारियों के पीएफ में अंश दान को कम करने या फिर पूरी तरह से खत्म करने का अधिकार हासिल हो जाएगा।
इसके लिए केंद्र सरकार एम्प्लॉई प्रोविडेंट फंड एंड मिसलेनियस प्रोविजन (ईपीएफ एंड एमपी) एक्ट में बदलाव करने जा रही है। प्रस्ताव के तहत केंद्र सरकार उद्योग की वित्तीय स्थिति और अन्य परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए फैसला लेगी।