ऑनलाइन टिकट बुक कराने वाले रेल यात्रियों को सेवा शुल्क से मिली छूट का लाभ सितंबर तक जारी रहेगा। डिजिटल तकनीक से टिकट बुकिंग को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने गत वर्ष नवंबर में नोट बंदी के बाद सेवा शुल्क में छूट दे दी थी।
आईआरसीटीसी ऑनलाइन टिकट बुक करने पर प्रति टिकट 20 से 40 रुपये तक का सेवा शुल्क वसूलता है। रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, सरकार ने नोटबंदी के बाद 23 नवंबर, 2016 से 31 मार्च 2017 तक सेवा शुल्क में छूट दी थी। बाद में इसे 30 जून तक बढ़ा दिया गया था। अब यह छूट सितंबर अंत तक जारी रहेगी।
सरकार ने यात्रियों की मदद करने और डिजिटल मोड में भुगतान को बढ़ावा देने के लिए सेवा शुल्क माफ करने का फैसला किया था। रेलवे की टिकटिंग एजेंसी आईआरसीटीसी को इस छूट के कारण एक साल में 500 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान है।
रेल मंत्रालय ने इस घाटे की प्रतिपूर्ति करने के लिए वित्त मंत्रालय को पत्र लिखा है। आईआरसीटीसी सेवा शुल्क से मिलने वाले राजस्व का आधा हिस्सा रेलवे को देता है।