भारत की दूसरी सबसे बड़ी आईटी सेवा कंपनी इंफोसिस को वित्त वर्ष 2019-20 में 8 फीसदी तक का मुनाफा हुआ है। कंपनी ने बताया कि चौथी तिमाही में कंपनी का लाभ 6.3 प्रतिशत तक रहा जो कि करीब 4,335 करोड़ रुपये है। इसके अलावा राजस्व भी 8 फीसदी की वृद्धि के साथ 23,267 करोड़ रुपये रहा।
कंपनी ने बताया कि वित्त वर्ष 2019-20 में कंपनी का शुद्ध लाभ 16,639 करोड़ रुपये रहा, जो कि करीब 8 फीसदी है। इसी तरह राजस्व में भी 9.8 की बढ़ोतरी हुई और वह 90,791 करोड़ रुपये रहा।
कोरोना वायरस संकट के चलते कारोबारी अनिश्चिताओं को देखते हुए कंपनी ने वित्त वर्ष 2020-21 की आय की संभावनाओं के बारे में कोई अनुमान जारी नहीं किया है। शेयर बाजार को दी जानकारी में कंपनी ने कहा कि उसने परिणामों की गणना अंतरराष्ट्रीय वित्तीय प्रतिवेदन मानक (आईएफआरएस) लेखा नियमों के आधार पर की है।
समीक्षावधि में कंपनी की आय आठ प्रतिशत बढ़कर 23,267 करोड़ रुपये रही। इससे पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में कंपनी की आय 21,539 करोड़ रुपये थी। कंपनी ने कहा, 'कोरोना वायरस संकट के बीच कारोबारी अनिश्चिताओं को देखते हुए अभी हम 2020-21 के लिए कोई आय का अनुमान नहीं बता सकते हैं। कंपनी स्थितियां बेहतर होने के बाद इस बारे में जानकारी देगी।'
इंफोसिस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और प्रबंध निदेशक सलिल पारेख ने कहा कि कंपनी ने अपने कुल कामकाज के 93 प्रतिशत काम का स्तर सोमवार को कर्मचारियों के घर पर कार्य करने से प्राप्त कर लिया। कंपनी बदलती परिस्थितियों के बीच भी ग्रहकों को तेजी से आपूर्ति कर रही है।