रेस्टोरेंट खाने के बिल के साथ सर्विस चार्ज लेने के लिए बाध्य नहीं हैं। अगर वो ऐसा करते हैं, तो उनको सर्विस चार्ज पर टैक्स भी देना पड़ सकता है। केंद्र सरकार के उपभोक्ता मंत्रालय ने सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्स (सीबीडीटी) को पत्र लिखकर के ऐसा करने के लिए कहा है। सरकार ने यह कदम इसलिए उठाया है क्योंकि अभी भी इस तरह की शिकायतें मंत्रालय के पास आ रही है कि सर्विस चार्ज की वसूली रेस्टोरेंट कर रहे हैं।
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रामविलास पासवान ने ट्वीट करके दी जानकारी
उपभोक्ता मामलों के मंत्री रामविलास पासवान ने कई सारे ट्वीट करते हुए जानकारी दी। उन्होंने कहा कि देश में कई रेस्टोरेंट ने सर्विस चार्ज को स्वैच्छिक कर दिया है। लेकिन इसके बाद ऐसे रेस्टोरेंट की संख्या भी है, जो सर्विस चार्ज को ग्राहकों से जबरदस्ती वसूल रहे हैं।
उपभोक्ताओं से सर्विस चार्ज जबरदस्ती वसूल किए जाने की शिकायतें NCH के माध्यम से प्राप्त होने लगी हैं और मीडिया में भी प्रकाशित हो रही है।
— Ram Vilas Paswan (@irvpaswan) September 12, 2017
पासवान ने कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने सर्विस चार्ज को टैक्स असेसमेंट में शामिल करने के लिए सीबीडीटी को पत्र लिखा है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए उपभोक्ता मामले विभाग ने सर्विस चार्ज को Tax Assessment में शामिल करने पर विचार करने के लिए CBDT को लिखा है।
— Ram Vilas Paswan (@irvpaswan) September 12, 2017
इसी तरह MRP से अधिक कीमत वसूल किए जाने के मामलों पर निगरानी रखने के लिए सभी राज्यो के Legal Metrology के अधिकारियों को निर्देश दिया गया है।
— Ram Vilas Paswan (@irvpaswan) September 12, 2017