वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का कहना है कि बैंकों को गैर-डिजिटल भुगतान को हतोत्साहित करना चाहिए। सीतारमण ने मंगलवार को बैंकों से 31 मार्च, 2021 तक सभी खातों को संबंधित ग्राहकों की आधार संख्या से जोड़ने का काम सुनिश्चित करने को कहा है।
वित्त मंत्री ने कहा कि भारत बड़े आकार के बैंकों पर जोर दे रहा है। उन्होंने कहा कि वित्तीय समावेश की कहानी अभी पूरी नहीं हुई है। अभी इसे आगे बढ़ाना बाकी है। कई ऐसे खाते हैं, जो अबतक आधार से नहीं जुड़े हैं।
प्रत्येक खाता आधार से जुड़े
भारतीय बैंक संघ (आईबीए) की 73वीं सालाना आम बैठक के संबोधित करते हुए सीतारमण ने कहा कि प्रत्येक खाता 31 मार्च, 2021 तक आधार से जुड़ना चाहिए और जहां भी जरूरी तथा लागू हो, पैन से उसे जोड़ा जाना चाहिए।
यूपीआई आधारित भुगतान पर जोर
उन्होंने यह भी कहा कि बैंकों को डिजिटल भुगतान को प्रोत्साहित और अन्य रूप से किए जाने को वाले भुगतान को हतोत्साहित करना चाहिए। उन्होंने यूपीआई (यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस) आधारित भुगतान को अपनाने पर भी जोर दिया। वित्त मंत्री ने कहा कि यूपीआई हमारे सभी बैंकों में आम बोलचाल के शब्द होने चाहिए।
रूपे कार्ड को बढ़ावा दें
यूपीआई यानी एकीकृत भुगतान व्यवस्था के जरिये एक बैंक खाते से दूसरे खाते में तुरंत पैसे का अंतरण किया जा सकता है। उन्होंने रूपे कार्ड को भी बढ़ावा देने पर जोर दिया।सीतारमण ने कहा कि जिसे भी कार्ड की जरूरत है, आप उहें केवल रूपे कार्ड ही जारी करें। उन्होंने कहा कि देश बड़े आकार के बैंकों पर जोर दे रहा है।