फिरोजाबाद शहर में बवाल के बाद नगर क्षेत्र की लाइफ लाइन चूड़ी उद्योग की नब्ज गड़बड़ा गई है। चूड़ी उद्योग से जुडे़ गोदाम और ट्रांसपोर्ट व्यवसाय से जुड़ी गतिविधियां ठप पड़ी हैं। वहीं इन जगहों पर कामकाज कर आजीविका कमाने वाले श्रमिकों के समक्ष रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।
सुहागनगरी में शुक्रवार को उपद्रव ने चूड़ी उद्योग एवं उससे जुडे़ गोदामों एवं ट्रांसपोर्ट कंपनियों पर कार्यरत हजारों श्रमिकों के सामने दो जून की रोटी का संकट खड़ा कर दिया है। तनाव के कारण शहर के विभिन्न हिस्सों में चलने वाले चूड़ी गोदाम बंद हैं। चूड़ी उद्योग से जुड़ी गतिविधियां ठप होने के के कारण नगर के ट्रांसपोर्ट्स भी हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं।
तीन दिन से चल रही बंदी के कारण सैकड़ों पल्लेदार, हथठेला चालक एवं चूड़ी की चकलाई एवं छटाई के माध्यम से आजीविका कमाने वाले हजारों श्रमिकों के समक्ष रोटी के लाले पड़ना शुरू हो गए हैं।