रिटेल और टेलीकॉम की मदद से मुकेश अंबानी के स्वामित्व वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (आरईएल) फॉर्च्यून इंडिया 500 लिस्ट में सबसे बड़ी कंपनी बन गई है। इससे पहले लगातार 10 साल तक सरकरी तेल कंपनी इंडियन ऑयल लिमिटेड पहले स्थान पर काबिज रही थी। वित्त वर्ष 2018-19 में रिलायंस को 5.81 लाख करोड़ रुपये की आय हुई थी।
फॉर्च्यून द्वारा जारी लिस्ट के अनुसार, तीसरे स्थान पर ओएनजीसी, चौथे पर भारतीय स्टेट बैंक, पांचवे पर टाटा मोटर्स और छठे स्थान पर भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड रहीं। वहीं सातवें स्थान पर राजेश एक्सपोर्ट, आठवें पर टाटा स्टील, नौवें पर कोल इंडिया, दसवें पर टीसीएस और 11वें पर लार्सन एंड टुर्बो रहे।
| कंपनी | 2018 में रैंक | 2019 में रैंक |
| रिलायंस इंडस्ट्रीज | 2 | 1 |
| आईओसी | 1 | 2 |
| ओएनजीसी | 3 | 3 |
| एसबीआई | 4 | 4 |
| टाटा मोटर्स | 5 | 5 |
| बीपीसीएल | 6 | 6 |
| राजेश एक्सपोर्ट्स | 8 | 7 |
| टाटा स्टील | 9 | 8 |
| कोल इंडिया | 10 | 9 |
| टीसीएस | 11 | 10 |
फॉर्च्यून ने कहा कि रिलायंस की आय में 41 फीसदी का इजाफा हुआ है जो इंडियन ऑयल की आय से करीब 8.4 फीसदी ज्यादा है। इंडियन ऑयल की आय 26.6 फीसदी बढ़कर के 5.36 लाख करोड़ रुपये रही थी। रिलायंस का मुनाफा भी इंडियन ऑयल से दोगुना करीब 39588 करोड़ रुपये रहा था। इस लिस्ट में शामिल सभी 500 कंपनियों की औसत आय में करीब 9.53 फीसदी और मुनाफे में 11.8 फीसदी का इजाफा देखने को मिला है। वहीं इस साल की लिस्ट में 57 कंपनियां बाहर हो गई हैं।