टाटा संस के बोर्ड ने नटराजन चंद्रशेखरन को टाटा संस का चेयरमैन चुन लिया है। नटराजन अभी टाटा की आईटी कंपनी टीसीएस की बागडोर संभाल रहे थे।
गौरतलब है कि सायरस मिस्त्री को टाटा संस के चेयरमैन पद से हटाने के बाद उसकी कमान रतन टाटा के हाथों में थी। टीसीएस के सीईओ और मैनेजिंग डायरेक्टर नटराजन चंद्रशेखरन ने तमिलनाडु के त्रिची स्थित रीजनल इंजीनियरिंग कॉलेज से कम्प्यूटर एप्लीकेशन्स में स्नातकोत्तर उपाधि पाने के बाद वर्ष 1987 में कंपनी में काम करना शुरू किया था।
देश के सबसे बड़े आउटसोर्सर टीसीएस में वर्ष 2009 से मुख्य कार्यकारी की भूमिका निभा रहे 53-वर्षीय नटराजन चंद्रशेखरन को अक्टूबर में सायरस मिस्त्री को टाटा सन्स के चेयरमैन पद से हटाए जाने के कुछ ही दिन बाद निदेशक मंडल में शामिल किया गया था।
गुरुवार को ही टीसीएस ने तीसरी तिमाही के नतीजे भी घोषित किए हैं, जिनमें शेयर बाजारों के अनुमानों को धता बताते हुए 6,778 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया गया है।
नटराजन चंद्रशेखरन के नेतृत्व में टीसीएस ने वर्ष 2015-16 के दौरान राजस्व में बढ़ोतरी करते हुए उसे 16.5 अरब डॉलर तक पहुंचा दिया है। टाटा समूह की यह कंपनी देश की सबसे मूल्यवान कंपनी के रूप में भी अपनी जगह बरकरार रखे हुए है, और इसकी बाजार पूंजी लगभग 4.2 लाख करोड़ रुपये है।