स्पाइसजेट के बाद अब विस्तारा भी जेट एयरवेज के कर्मचारियों की मदद करने के लिए आगे आया है। कंपनी ने जेट के 550 कर्मियों को नौकरी पर रखा है, इनमें से 100 पायलट हैं। वहीं जेट एयरवेज ने अपने सभी कर्मचारियों के लिए मेडिक्लेम सुविधा को बंद कर दिया है। इसके अलावा विस्तारा और एयर एशिया जल्द ही जेट एयरवेज के खड़े हो चुके विमानों को अपने बेड़े में शामिल कर लेगी।
केबिन क्रू को किया शामिल
टाटा समूह के स्वामित्व वाली एयर विस्तारा ने जेट एयरवेज के 450 केबिन क्रू स्टाफ को अपने यहां पर नौकरी दी है। फिलहाल एयर इंडिया, स्पाइसजेट और गो एयर कर्मचारियों की मदद के लिए आगे आ रहे हैं। एयर एशिया जेट एयरवेज के बोइंग 737 को अपने बेड़े में शामिल कर लिया है।
मेडिक्लेम सुविधा को किया बंद
भारी नकदी संकट से डूबने की कगार पर पहुंची निजी क्षेत्र की विमानन कंपनी जेट एयरवेज अपने 20,000 से अधिक कर्मचारियों को अब मेडिक्लेम सुविधा नहीं देगी। एयरलाइन ने कर्मचारियों से कहा है कि वह समूह मेडिक्लेम पॉलिसी का प्रीमियम भरने की स्थिति में नहीं है।
समूह की मेडिकल पॉलिसी मंगलवार यानी 30 अप्रैल, 2019 की मध्य रात्रि से समाप्त हो जाएगी। 25 साल पुरानी एयरलाइन कंपनी ने कर्मचारियों को सलाह दी है कि वे अपनी पसंद की मेडिकल पॉलिसी खरीद लें। कंपनी के कर्मचारियों में पायलट और इंजीनियर भी शामिल हैं।
जेट एयरवेज के मुख्य लोक अधिकारी राहुल तनेजा ने कर्मचारियों से कहा, ‘ऋणदाताओं से किसी प्रकार के आपातकालीन फंड नहीं मिलने के कारण हम ऐसी स्थिति में पहुंच चुके हैं कि मेडिक्लेम पॉलिसी के प्रीमियम भरने में असमर्थ हैं। यह हमारे वश में नहीं है, लेकिन हमारे पास कोई और विकल्प नहीं है।’
उधर, जेट एयरवेज के ऋणदाताओं ने एसबीआई की अगुवाई में घरेलू बैंकों ने अपने 8,400 करोड़ रुपये कर्ज की वसूली के लिए एयरलाइन में अपनी 75 फीसदी हिस्सेदारी बेचने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मई के दूसरे सप्ताह में अंतिम बोली लगाने वालों की सूची मिलने की उम्मीद है। सूत्रों के मुताबिक, एयरलाइन कंपनी को खरीदने की दौड़ में निजी इक्विटी फर्म टीपीजी कैपिटल, इंडिगो पार्टनर्स, नेशनल इंवेस्टमेंट एंड इंफ्रास्ट्रकचर फंड (एनआईआईएफ) और एतिहाद एयरवेज शामिल हैं।
जेट के दोबारा चालू होने के संकेत
जेट एयरवेज के मुख्य लोक अधिकारी राहुल तनेजा ने आशावादी दृष्टिकोण अपनाते हुए एयरलाइन के दोबारा चालू होने के संकेत दिए। उन्होंने कहा, ‘हमने अपनी प्रिय एयरलाइन को दोबारा चालू करने का प्रयास बंद नहीं किया है। इसके लिए अवसर की तलाश जारी है। ऋणदाताओं से बातचीत जारी है और बोली प्रक्रिया में हम उन्हें अपना समर्थन दे रहे हैं।’