फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी, एमपी और गोवा में मिलता है सबसे ज्यादा मिलावटी खाने-पीने का सामान

Wed, 31 Jul 2019 06:32 PM IST
paliwal पालीवाल बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
खाद्य पदार्थ मिलावट
विज्ञापन

देश के चार राज्यों में सबसे ज्यादा मिलावटी खाने-पीने की वस्तुएं मिलती हैं। इन चार राज्यों में उत्तर प्रदेश सबसे पहले स्थान पर है। वहीं पर्यटकों के लिए पसंदीदा घूमने की जगह गोवा में इस तरह के सबसे ज्यादा मामले सामने आए हैं। इसके अलावा मध्य प्रदेश और तमिलनाडु भी इस सूची में शामिल हैं। वित्त वर्ष 2017-18 में कुल 4590 केस दर्ज किए गए, जिनमें सरकार ने 50 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला गया। केंद्र सरकार ने बुधवार को संसद में इस बात की जानकारी दी। 

सबसे ज्यादा यूपी में मामले

उपभोक्ता मामलों के मंत्री दानवे रावसाहब दादाराव ने बताया कि केवल 60 फीसदी से ज्यादा मामले उत्तर प्रदेश में दर्ज किए गए। यहां से कुल 38 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला गया था। तमिलनाडु में 1311 और मध्य प्रदेश में 878 मामले दर्ज किए गए। 

सबसे ज्यादा दूध में मिलावट

ज्यादातर मामले दूध की मिलावट के पाए गए। देश में बिकने वाला 68.7 फीसदी दूध और इससे बने उत्पाद एफएसएसएआई द्वारा तय किए गए मानकों का पालन नहीं करते हैं। इन मानकों का पालन नहीं करने से लोगों के स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ता है। 

हो सकती हैं ये बीमारियां

मिलावटी सामान खाने से लोगों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। दिल, लीवर और किडनी जैसे शरीर के अंगों पर इसका सबसे ज्यादा असर देखने को मिला है। ऐसा भोजन नियमित तौर पर करने से लोगों को सही मात्रा में पोषक तत्व भी नहीं मिल पाते हैं। 

विज्ञापन


एफएसएसएआई ने फूड सेफ्टी एक्ट के द्वारा खाने-पीने के सामान के लिए कई तरह के मानक तय कर रखे हैं। मिलावटखोरों पर राज्य सरकारें नजर रखती हैं और सैंपल फेल होने पर संबंधित व्यक्ति या फिर कंपनी के खिलाफ कार्रवाई भी की जाती है। 

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें