एग्जिट पोल के अनुमानों के बाद शेयर बाजार ने रिकॉर्ड छलांग लगाई है। सोमवार को सेंसेक्स 2500 अंकों से अधिक की मजबूती हासिल करने में सफल रहा। दूसरी ओर, निफ्टी 23250 के पार पहुंच गया। बैंक निफ्टी पहली बार 50000 के आंकड़े को पार कर गया। हफ्ते के पहले कारोबारी दिन रिकॉर्ड तेजी के बाद सेंसेक्स 2,507.47 (3.39%) अंक उछलकर 76,468.78 पर पहुंच गया। दूसरी ओर, निफ्टी 733.21 (3.25%) अंक मजबूत होकर 23,263.90 के रिकॉर्ड स्तर पर बंद हुआ।
एग्जिट पोल में भाजपानीत राजग की भारी जीत की भविष्यवाणी के बाद सेंसेक्स और निफ्टी 3 प्रतिशत से अधिक की रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गए एग्जिट पोल में भाजपा नीत राजग की भारी जीत का अनुमान लगाया गया है। बंबई शेयर बाजार का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 2,507.47 अंक या 3.39 प्रतिशत की बढ़त के साथ 76,468.78 अंक की नई ऊंचाई पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान सेंसेक्स 2,777.58 अंक या 3.75 प्रतिशत की बढ़त के साथ 76,738.89 अंक के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा। दूसरी ओर, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 733.20 अंक यानी 3.25 प्रतिशत की बढ़त के साथ 23,263.90 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान यह 808 अंक या 3.58 प्रतिशत की बढ़त के साथ 23,338.70 अंक के नए सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंचा।
‘एग्जिट पोल’ में सत्तारूढ़ भाजपा की एक बार फिर सरकार बनने के अनुमानों से उत्साहित स्थानीय शेयर बाजार में तीन प्रतिशत के उछाल के बीच सोमवार को रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 28 पैसे की बढ़त के साथ 83.14 प्रति डॉलर पर बंद हुआ। यह रुपये का दो माह का उच्चस्तर है।
स्थानीय मुद्रा में इस बड़े सुधार के पीछे मजबूत घरेलू व्यापक आर्थिक आंकड़ों, विदेशी पूंजी के प्रवाह और अमेरिकी मुद्रा में आई आंशिक कमजोरी जैसे सकारात्मक कारकों की भूमिका रही। विदेशी मुद्रा कारोबारियों के मुताबिक, तेल उत्पादकों के समूह ओपेक प्लस के तेल उत्पादन को स्थिर रखने के फैसले के बाद कच्चे तेल की कीमतों के निचले स्तर ने भी भारतीय मुद्रा को समर्थन दिया।
अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 83.09 के भाव पर मजबूती से खुला और दिन में कारोबार के दौरान 82.95 के उच्चतम स्तर और 83.17 के निचले स्तर पर घूमता रहा। कारोबार के अंत में रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 83.14 प्रति डॉलर पर बंद हुआ। यह पिछले बंद से 28 पैसे की बड़ी बढ़त है।
पिछले कारोबारी सत्र में शुक्रवार को रुपया 13 पैसे गिरकर 83.42 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था। इससे पहले रुपया इस साल 21 मार्च को डॉलर के मुकाबले 83.13 पर बंद हुआ था। यह 18 मार्च को 83 प्रति डॉलर के स्तर को पार कर गया था।
इसके अलावा स्थानीय मुद्रा ने सोमवार को 15 नवंबर, 2023 के बाद से एक दिन में सबसे अधिक वृद्धि दर्ज की। उस समय रुपया 24 पैसे प्रति डॉलर चढ़कर बंद हुआ था। 18 मार्च को रुपये ने 83 रुपये प्रति डॉलर के स्तर को लांघा था।
शेयरखान बाय बीएनपी परिबा के शोध विश्लेषक अनुज चौधरी ने कहा कि एग्जिट पोल में लगातार तीसरी बार भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार बनने की संभावना जताए जाने के बाद घरेलू बाजारों में जमकर खरीदारी हुई। इस तेजी के कारण भारतीय रुपये में मजबूती आई।
चौधरी ने कहा, ‘‘इसके अलावा मजबूत वृहद आर्थिक आंकड़ों ने भी रुपये को समर्थन दिया। हालांकि, विनिर्माण क्षेत्र के निराशाजनक पीएमआई आंकड़ों ने तेज बढ़त को सीमित कर दिया।’’ इस बीच, दुनिया की छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले डॉलर की मजबूती को मापने वाला डॉलर सूचकांक 0.06 प्रतिशत बढ़कर 104.68 पर पहुंच गया।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड वायदा 2.43 प्रतिशत गिरकर 79.14 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) पूंजी बाजार में शुद्ध लिवाल रहे। उन्होंने सोमवार को 6,850.76 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध खरीदारी की।