फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Counterfeit Note: नकली नोटों पर नहीं लग पा रही है लगाम, बीते 5 साल में 155 फीसदी बढ़ गया इस्तेमाल!

Mon, 25 Nov 2024 07:52 PM IST
द बोनस बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Rise in Counterfeit Notes: सरकारी आंकड़े बता रहे हैं कि बीते सालों के दौरान नकली नोटों के पकड़े जाने के मामलों में तेजी आई है। इससे पता चलता है कि नकली नोटों का चलन तेज हुआ है। 
विज्ञापन
आरोपियों के पास से बरामद जाली नोट - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

देश में बीते कुछ सालों के दौरान नकली नोटों का चलन तेजी से बढ़ा है। इसका पता इस बात से चलता है कि लगातार सालों में नकली नोटों के पकड़े जाने के मामलों में बढ़ोतरी आई है। बीते 5 सालों में जाली नोटों के पकड़े जाने में 155 फीसदी की तेजी आई है। यह जानकारी सरकारी आंकड़ों में मिली है।

केंद्र सरकार ने सोमवार से शुरू हुए संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन नकली नोटों के आंकड़ों की जानकारी दी। सरकार की ओर से वित्त राज्य पंकज चौधरी ने नकली नोटों को लेकर पूछे गए सवालों का जवाब दे रहे थे। उनसे पूछा गया था कि नकली नोट के चलन में कमी के सरकारी दावों के उलट उसमें तेजी आ रही है? मंत्री ने अपने जवाब में स्वीकार किया कि देश में जाली नोटों का इस्तेमाल बढ़ा है।

बीते 5 सालों में ऐसे बढ़ा जाली नोटों का आंकड़ा

विज्ञापन

केंद्रीय मंत्री के द्वारा बताए गए आंकड़ों के अनुसार, अभी से 5 साल पहले यानी वित्त वर्ष 2018-19 में 4,371।2 करोड़ नकली नोट पकड़े गए थे। उनमें 2,186।5 करोड़ नकली नोट 500 रुपये वाले थे, जबकि 2000 रुपये के पकड़े गए नकली नोटों की संख्या 2,184।7 करोड़ थी। 5 साल बाद यानी वित्त वर्ष 2023-24 में पकड़ में आए जाली नोटों का आंकड़ा बढ़कर 11,174।6 करोड़ पर पहुंच गया। इस तरह 5 सालों में जाली नोटों के पकड़ाए जाने में 155 फीसदी से ज्यादा की तेजी आई।

500 रुपये वाले जाली नोटों में आई 4 गुना तेजी
31 मार्च 2024 को समाप्त हुए पिछले वित्त वर्ष 2023-24 के दौरान जो नकली नोट पकड़े गए, उनमें 500 रुपये के नोटों की संख्या 8,571।1 करोड़ थी। 5 साल पहले 500 रुपये के पकड़ाए जाली नोटों की संख्या सिर्फ 2,1865 करोड़ थी। यानी 500 रुपये के नोट के मामले में 292 फीसदी की तेजी आई है। इसे ऐसे भी कह सकते हैं कि 5 सालों में 500 रुपये के जाली नोट करीब-करीब 4 गुना बढ़ गए हैं। वहीं पिछले वित्त वर्ष के दौरान पकड़ाए जाली नोटों में 2000 रुपये वाले नोटों की संख्या 2,603।5 करोड़ थी।

साल भर में 165 फीसदी बढ़े 2 हजार वाले जाली नोट

विज्ञापन

सालाना आधार पर देखें तो 500 रुपये के जाली नोटों में कमी आई है। वित्त वर्ष 2022-23 में 500 रुपये वाले 9,111 करोड़ जाली नोट पकड़े गए थे। उसकी तुलना में वित्त वर्ष 2023-24 में आंकड़ा करीब 6 फीसदी कम रहा है। वहीं 2000 रुपये के जाली नोट साल भर में बहुत तेजी से बढ़े हैं। इस मामले में जाली नोट साल भर में 165 फीसदी बढ़ गए हैं। वित्त वर्ष 2022-23 में 2-2 हजार वाले 980।6 करोड़ जाली नोट पकड़े गए थे।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें