दिल्ली में सबसे कम महंगाई
| राज्य |
महंगाई दर |
| दिल्ली |
2.99 फीसदी |
| हिमाचल |
4.42 फीसदी |
| पंजाब |
4.52 फीसदी |
| छत्तीसगढ़ |
5.19 फीसदी |
| कर्नाटक |
5.59 फीसदी |
इन राज्यों में सर्वाधिक तेजी
| आंध्रप्रदेश |
7.93 फीसदी |
| हरियाणा |
7.79 फीसदी |
| प. बंगाल |
7.71 फीसदी |
| मध्य प्रदेश |
7.49 फीसदी |
(यूपी : 6.80%, उत्तराखंड : 6.24% जम्मू-कश्मीर : 6.40%)
थोक महंगाई : सब्जी से लेकर दूध और फल तक हुआ सस्ता, 8.33% रह गई खाद्य वस्तुओं की महंगाई दर
विनिर्मित उत्पादों के साथ अनाज, सब्जी, दूध और फल जैसे खाने-पीने की वस्तुओं की कीमतें घटने की वजह से थोक कीमतों पर आधारित महंगाई में गिरावट आई है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के मुताबिक, अक्तूबर में खाद्य वस्तुओं की महंगाई दर घटकर 8.33 फीसदी रह गई, जो सितंबर में 11.03 फीसदी रही थी। विनिर्मित वस्तुओं की महंगाई सितंबर के 6.34% से कम होकर अक्तूबर में 4.42 फीसदी रह गई।
खाद्य तेलों के आयात पर खर्च 34% बढ़कर 1.57 लाख करोड़
देश के खाद्य तेल आयात का बिल अक्तूबर में 34.18 फीसदी बढ़कर 1.57 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया। वहीं, मात्रा के संदर्भ में यह 6.85 फीसदी बढ़कर 140.3 लाख टन पहुंच गया। उद्योग संगठन साल्वेंट एक्सट्रैक्टर्स एसोसिएशन (एसईए) ने बताया कि 2020-21 (नवंबर से अक्तूबर) में भारत ने 1.17 लाख करोड़ रुपये के 131.3 लाख टन खाद्य तेल का आयात किया था। पहली दो तिमाहियों में आयात धीरे-धीरे बढ़ा, लेकिन, तीसरी तिमाही में इसमें गिरावट दर्ज की गई। हालांकि, चौथी तिमाही में यह फिर बढ़ गया क्योंकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेलों की कीमतें घटने से इंडोनेशिया ने पाम तेल पर पाबंदी हटा ली थी।