भले ही भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में पिछले कुछ महीनों में गिरावट आई है और डॉलर के मुकाबले रुपया टूट कर रिकॉर्ड निचले स्तर पर चला गया है, पर देश किसी भी बाहरी झटके से निपटने में सक्षम है। ऐसा मानना है रेटिंग एजेंसी फिच का। फिच ने भारतीय अर्थव्यवस्था की तारीफ करते अमेरिका के लिए चेतावनी भी जारी की है।
फिच रेटिंग्स ने बुधवार को जारी रिपोर्ट में कहा है कि अमेरिका की सख्त मौद्रिक नीतियों और वैश्विक स्तर पर बढ़ती महंगाई दर से निपटने के लिए भारत तैयार और उसके पास किसी भी तरह के जोखिम से निपटने के लिए पर्याप्त विदेशी मुद्रा भंडार मौजूद है। फिच के अनुसार वैश्विक दबावों के कारण भारत की क्रेडिट के लिए जो जोखिम है, वह बेहत सीमित है।
बता दें कि भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में दस सप्ताह से जारी गिरावट के बाद बीते सात अक्तूबर को समाप्त हुए सप्ताह में बढ़त दिखी थी। इस दौरान विदेशी मुद्रा भंडार में 20.4 करोड़ डॉलर की वृद्धि हुई थी और यह बढ़कर 532.868 अरब डॉलर के स्तर पर पहुंच गया था।