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पीयूष गोयल बोले: 153 देश भारत से खिलौना आयात कर रहे, सरकार क्षेत्र के लिए एक और योजना लाने की तैयारी में

Fri, 04 Jul 2025 11:22 PM IST
दीपक कुमार शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि सरकार खिलौना क्षेत्र के लिए अब एक नई प्रोत्साहन योजना शुरू करने की योजना बना रही है, जिससे भारतीय खिलौने और बेहतर बन सकें। उन्होंने बताया कि इस योजना का उद्देश्य डिजाइन सुधारने, गुणवत्ता बढ़ाने, पैकेजिंग और ब्रांडिंग को मजबूत करने पर ध्यान दिया जाना है।
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पीयूष गोयल, केंद्रीय मंत्री - फोटो : ANI
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विस्तार
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भारत का खिलौना उद्योग, जो पहले दूसरे देशों से आयात पर निर्भर था, अब घरेलू स्तर पर विनिर्माण कर रहा है और 153 देशों को निर्यात कर रहा है। केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने आज दिल्ली में 16वें टॉय बिज इंटरनेशनल बी2बी एक्सपो 2025 को संबोधित करते हुए यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह बदलाव लगातार नीतिगत समर्थन, गुणवत्ता मानकों के प्रवर्तन और स्थानीय विनिर्माण समूहों को मजबूत करने से संभव हुआ है। 

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मंत्री गोयल ने बताया कि गुणवत्ता नियंत्रण आदेश (क्यूसीओ) से भारत में अच्छी गुणवत्ता वाले खिलौने बनने लगे हैं और हमारे खिलौने अब अंतरराष्ट्रीय स्तर के बनते जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत की 1.4 बिलियन की आबादी एक बड़ा कैप्टिव मार्केट प्रदान करती है, जो विनिर्माण को बढ़ाने के लिए एक स्वाभाविक लाभ प्रदान करती है। इस पैमाने के साथ, उद्योग लागत दक्षता प्राप्त कर सकता है और वैश्विक रूप से प्रतिस्पर्धी बन सकता है। उन्होंने कहा कि बड़ा घरेलू बाजार न केवल विस्तार का समर्थन करता है, बल्कि इसके लिए आधार का काम भी करता है।

पीयूष गोयल ने कहा कि अगर भारतीय कंपनियां अच्छी ब्रांडिंग, आकर्षक पैकेजिंग और मजबूत डिजाइन पर ध्यान दें, तो भारतीय खिलौने विदेशों में और ज्यादा पसंद किए जाएंगे।
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खिलौना उद्योग की तरक्की देश के विकास की मिसाल
गोयल ने बताया कि खिलौना उद्योग की यह तरक्की देश के विकास की एक मिसाल है। उन्होंने याद दिलाया कि जब प्रधानमंत्री मोदी ने 'वोकल फॉर लोकल' अभियान शुरू किया था, तो कुछ लोगों को शक था कि भारतीय चीजें विदेशी सामान का मुकाबला नहीं कर पाएंगी। लेकिन आज 'आत्मनिर्भर भारत' के सपने के साथ, देश में बने खिलौनों को ज्यादा पसंद किया जा रहा है।

स्टार्टअप्स को प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से हुआ फायदा
पीयूष गोयल ने बताया कि खिलौनों के नए आइडिया लाने वाले स्टार्टअप्स को प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से फायदा हुआ है, जिसमें बिना किसी जमानत के लोन मिल रहा है और इस योजना को अब 20 साल तक बढ़ा दिया गया है। इसके अलावा, घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए एमएसएमई मंत्रालय ने देशभर में 18 खिलौना क्लस्टरों को सपोर्ट दिया है, जिससे लोकल फैक्ट्रियां और उद्योग बढ़े हैं।
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नई प्रोत्साहन योजना शुरू करने की तैयारी में सरकार
मंत्री ने कहा कि इस प्रगति को आगे बढ़ाने के लिए सरकार खिलौना क्षेत्र के लिए अब एक नई प्रोत्साहन योजना शुरू करने की योजना बना रही है, जिससे भारतीय खिलौने और बेहतर बन सकें। उन्होंने बताया कि इस योजना का उद्देश्य डिजाइन सुधारने, गुणवत्ता बढ़ाने, पैकेजिंग और ब्रांडिंग को मजबूत करने पर ध्यान दिया जाना है। मंत्री ने भरोसा जताया कि अगर नवाचार, गुणवत्ता और बाजार विस्तार पर ध्यान दिया गया, तो भारत का खिलौना उद्योग दुनिया में एक बड़ी पहचान बना सकता है। 

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