92.7 बिग एफएम अपने 58 स्टेशनों के जरिये 1,200 से अधिक कस्बों और 50,000 से अधिक गांवों तक पहुंच रखता है।अब देश का सबसे बड़ा रेडियो नेटवर्क होने के नाते यह अब सफायर मीडिया की अखिल भारतीय उपस्थिति को मजबूत करेगा।
राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण की प्रधान पीठ ने सोमवार को एनसीएलएटी के फैसले के खिलाफ रेडियो मिर्ची, ऑरेंज एफएम और अन्य द्वारा दायर याचिका को खारिज कर दिया। जिसके बाद अब सफायर मीडिया को रिलायंस ब्रॉडकास्ट नेटवर्क लिमिटेड के स्वामित्व वाले बिग FM 92.7 के 58 रेडियो स्टेशन के अधिग्रहण की मंजूरी मिल गई है। इसके साथ ही सफायर मीडिया की समाधान योजना को भी मंजूरी दी।
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इसमें एनसीएलएटी की प्रधान पीठ के अध्यक्ष न्यायमूर्ति अशोक भूषण और (तकनीकी) सदस्य बरुण मित्रा शामिल थे। एनसीएलएटी ने अपने आदेश में कहा कि 'हमें उपरोक्त अपीलों में एनसीएलटी के दिनांक 06.05.2024 के आदेश में हस्तक्षेप करने का कोई आधार नहीं मिला। इसके परिणामस्वरूप, सभी अपीलें खारिज की जाती हैं। इससे पहले एनसीएलटी सदस्य मधु सिन्हा और न्यायिक सदस्य रीता कोहली वाली एनसीएलटी बेंच ने 6 मई 2024 के अपने आदेश में सफायर मीडिया लिमिटेड द्वारा प्रस्तुत समाधान योजना को मंजूरी दे दी थी।
बाद में एनसीएलटी मुंबई में सफायर मीडिया लिमिटेड की समाधान योजना की मंजूरी के लिए एक आवेदन दायर किया।
बता दें कि 92.7 बिग एफएम अपने 58 स्टेशनों के जरिये 1,200 से अधिक कस्बों और 50,000 से अधिक गांवों तक पहुंच रखता है। अब देश का सबसे बड़ा रेडियो नेटवर्क होने के नाते यह अब सफायर मीडिया की अखिल भारतीय उपस्थिति को मजबूत करेगा।
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सफायर मीडिया लिमिटेड का संचालन आदित्य वशिष्ठ और कैथल स्थित कारोबारी साहिल मंगला की ओर से किया जाता है। सफायर मीडिया इंडिया डेली नाम से एक राष्ट्रीय हिंदी समाचार चैलन और देश के बड़े आउटडोर विज्ञापन कंपनी का संचालन करती है।