अगर आप भी आम खाने के शौकीन हैं तो ये खबर आपको निराश कर सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि इस बार उत्तर प्रदेश में आम के उत्पान में करीब 70 फीसदी की कमी आई है।
अली का कहना है कि किसानों को सरकार की ओर से कोई मदद नहीं मिल रही है, जिसकी वजह से उत्पादन में कमी आई। सेंट्रल हॉर्टिकल्चर विभाग ने एक मीटिंग करने का फैसला लिया है, जिसमें आम उगाने वाले किसान इंश्योरेंस कवर की मांग करेंगे।
उत्तर प्रदेश में एक साल में करीब 45 लाख मेट्रिक टन आम उगाए जाते हैं, जिसमें से मलिहाबाद में सात लाख मेट्रिक टन उगते हैं।
इतना ही नहीं, इस साल लोगों को दशहरी आम देर से मिलेंगे। बाजार में ये आम 20 जून के बाद ही उपलब्ध होंगे। दो साल पहले मलिहाबाद में सबसे ज्यादा दशहरी आम का उत्पादन हुआ था।
उत्तर प्रदेश के लखनऊ, प्रतापगढ़, अलाहाबाद, बुलंदशहर, सहारनपुर, वाराणसी, मेरठ, उन्नाव, हरदोई, अमरोहा, गोरखपुर और बस्ती में तरह-तरह के आम का उत्पादन होता है।