भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौते को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि दोनों देश अगले 4 से 5 दिनों में संयुक्त बयान (जॉइंट स्टेटमेंट) पर हस्ताक्षर कर सकते हैं।
सरकार ने बताया कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते का पहला चरण लगभग तैयार है। उन्होंने बताया कि संयुक्त बयान के बाद इस समझौते को औपचारिक रूप दिया जाएगा और मार्च के मध्य तक फॉर्मल एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर होने की उम्मीद है। मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि जॉइंट स्टेटमेंट के जारी होने के बाद ट्रंप सरकार अमेरिकी टैरिफ को 18 फीसदी तक घटाने के लिए एक एग्जीक्यूटिव ऑर्डर जारी करेगी।
उद्योग मंत्री ने गुरुवार को भारत और खाड़ी सहयोग परिषद (जीसीसी) के बीच मुक्त व्यापार समझौते (FTA) के टर्म्स ऑफ रेफरेंस पर हस्ताक्षर समारोह के दौरान कहा कि अमेरिका के साथ बढ़ते कारोबारी जुड़ाव के तहत अमेरिकी विमान, इंजन और अन्य उत्पादों के लिए भारत के ऑर्डर अकेले 100 अरब डॉलर से अधिक हो जाएंगे।
उन्होंने बताया कि भारत और अमेरिका एक-दूसरे की पूरक अर्थव्यवस्थाएं हैं और दोनों देशों के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौता दोनों पक्षों के लिए लाभकारी होगा। समझौते की प्रक्रिया पर तकनीकी स्पष्टता देते हुए वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने कहा कि अमेरिका के टैरिफ एग्जीक्यूटिव टैरिफ हैं, जबकि भारत के टैरिफ एमएफएन (सबसे पसंदीदा राष्ट्र) श्रेणी में आते हैं। ऐसे में भारत में एमएफएन टैरिफ में कमी कानूनी समझौते पर हस्ताक्षर के बाद ही संभव होगी।