कोरोना वायरस संकट से निपटने के लिए सिडबी ने शुक्रवार को यह मदद उपलब्ध कराने की घोषणा की। सिडबी की आपात स्थिति में सुविधा कराने वाली योजना ‘सेफ’ (सिडबी असिस्टेंट टू फेसिलिटेट इमरजेंसी) लघु और मध्यम उद्योगों को पांच फीसदी की तय ब्याज दर पर यह ऋण देगी।
पांच वर्ष में चुकाना होगा कर्ज
इस योजना के तहत दिया गया ऋण पांच वर्ष में चुकाना होगा। इस योजना के तहत हैंड सैनिटाइजर, मास्क, दस्ताने, सिर ढंकने का कपड़ा, (हेड गियर), शरीर को ढकने के कपड़े (बॉडी सूट), जूते के कवर, वेंटिलेटर, चश्में इत्यादि बनाने वाले लघु और मध्यम उद्योग ऋण पाने के योग्य होंगे।
सिडबी के चेयरमैन ने दिया बयान
सिडबी के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक मोहम्मद मुस्तफा ने एक बयान में कहा, ‘‘देश वर्तमान में जिस संकट से गुजर रहा है। हमें उन कंपनियों को तत्काल मदद देने की जरूरत महसूस हुई जो इस संकट से लड़ने में देश की मदद कर सकती हैं।’’ उन्होंने कहा कि यह राष्ट्र के साथ खड़े रहने के लिए इन कंपनियों को हमारी ओर से भरोसा है कि हम उनके साथ खड़े हैं।
48 घंटे के भीतर मिल जाएगा कर्ज
सिडबी ने कहा कि यह ऋण आवेदन करने के 48 घंटे के भीतर मिल जाएगा और यह रेहन-मुक्त ऋण होगा। लघु उद्योग इस ऋण के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
संक्रमित मरीजों की संख्या 727
वैश्विक महामारी कोरोना वायरस भारत में तेजी से पांव पसार रहा है। शुक्रवार को स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक इस वायरस से देश में 17 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 727 लोग संक्रमित हैं और 66 लोग ठीक हो चुके हैं। इसी बीच साईंबाबा संस्थान ट्रस्ट, शिरडी ने महाराष्ट्र मुख्यमंत्री राहत कोष में 51 करोड़ रुपये दान दिए हैं। महाराष्ट्र इस वायरस से देशभर में सबसे ज्यादा संक्रमित है।