किरीट पारिख की अगुवाई में नियुक्त गैस मूल्य समीक्षा समिति ने सरकारी तेल कंपनियों की ओर से पुराने क्षेत्रों से निकलने वाली प्राकृतिक गैस पर पांच साल के लिए मूल्य सीमा लागू करने की सिफारिश भी की है।
सार्वजनिक क्षेत्र की ओएनजीसी और ओआईएल को पुराने क्षेत्रों से नई गैस के उत्पादन के लिए कीमतों पर 20 फीसदी प्रीमियम मिल सकता है। सरकार की ओर से किरीट पारिख की अगुवाई में नियुक्त गैस मूल्य समीक्षा समिति ने इसकी सिफारिश की गई है।
विज्ञापन
समिति ने सरकारी तेल कंपनियों की ओर से पुराने क्षेत्रों से निकलने वाली प्राकृतिक गैस पर पांच साल के लिए मूल्य सीमा लागू करने की सिफारिश भी की है। सीएनजी और रसोई गैस-पीएनजी की कीमतों में नरमी लाने के लिए ऐसा किया जाएगा। समिति ने पिछले सप्ताह पेट्रोलियम मंत्रालय को अपनी रिपोर्ट सौंपी थी।
ऑयल एंड नैचुरल गैस कॉरपोरेशन (ओएनजीसी) और ऑयल इंडिया लि. (ओआईएल) के ओल्ड फील्ड से निकलने वाली गैस के लिए मूल्य सीमा तय करने की सिफारिश की गई है। इन क्षेत्रों में लंबे समय से लागत वसूली जा चुकी है। इससे यह सुनिश्चित होगा कि कीमतें उत्पादन लागत से नीचे नहीं गिरेंगी, जैसा कि पिछले साल हुआ था। या मौजूदा दरों की तरह रिकॉर्ड ऊंचाई तक भी नहीं बढ़ेंगी।