भारत की मौजूदा कॉर्पोरेट कर प्रणाली दुनिया में सबसे बेहतर है। नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने शुक्रवार को वाशिंगटन में यह दावा किया है। उन्होंने कहा, अभी तो यह शुरुआत है। चीन की ओर से भरोसा उठने के बाद अमेरिकी निवेशकों के लिए भारत एक बेहतर विकल्प हो सकता है।
कॉर्पोरेट टैक्स के लिहाज से भारत एक शानदार विकल्प
अमिताभ कांत ने कहा, भारत को अपने मजबूत घरेलू बाजार का इस्तेमाल निवेशकों को आकर्षित करने के लिए करना होगा। चीन के बाद दुनिया की बड़ी आर्थिक शक्तियों के लिए वियतनाम और भारत निवेश के लिए दो प्रमुख जगह हैं। वियतनाम में कौशल की कमी और सीमित घरेलू बाजार भारत को प्रबल दावेदार बनाते हैं। उन्होंने कहा, 17.1 फीसदी की प्रभावी दर के साथ 15 फीसदी पर भारत कॉर्पोरेट टैक्स के लिहाज से एक शानदार विकल्प है।
इन क्षेत्रों में बडे़ मौके
अमिताभ कांत ने कहा, इलेक्ट्रॉनिक्स, फार्मास्युटिकल्स, खेल के सामान आदि क्षेत्रों के अंदर भारत में बड़े मौके हैं। यही नहीं भारत पांच से छह क्षेत्रों में वैश्विक चैंपियन बन सकता है। कांत ने कहा, एपल जैसी कंपनी ने भारत में पहले ही बहुत निवेश किया है।
सामाजिक सुरक्षा कानून से होगा लाभ
कांत ने कहा, 54 श्रम कानूनों को चार में समाहित करने वाले सामाजिक सुरक्षा कानून संहिता से और अधिक फायदा होगा। इसके बाद कंपनियों को भारत में बड़े पैमाने पर विनिर्माण करने की अनुमति मिलेगी। यही नहीं भारत में बौद्धिक संपदा अधिकारों को बेहतर बनाने की दिशा में भी काम हो रहा है।