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GDP: 'भारत दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होने के लिए तैयार', उद्योग मंत्री गोयल ने किया दावा

Mon, 08 Sep 2025 02:48 PM IST
रिया दुबे बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने दावा किया है कि आने वाले दो से ढाई वर्षों में भारत दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में से एक बन जाएगा। उन्होंने कहा कि देश में किसी भी चुनौती का सामना करने की पर्याप्त ताकत है। 
 
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केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल - फोटो : ANI
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विस्तार
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भारत दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होने के लिए तैयार है। केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने यह दावा किया है। उन्होंने कहा कि आने वाले दो से ढाई वर्षों में भारत यह उपलब्धि हासिल करने वाला है। गोयल ने एक दशक पहले दुनिया की सबसे कमजोर अर्थव्यवस्थाओं में से एक से लेकर अब शीर्ष पांच में शामिल होने तक के भारत के सफर पर प्रकाश डाला।

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भारत का 2014 से प्रगति का सफर

विज्ञान भवन में इंजीनियरिंग निर्यात संवर्धन परिषद (ईईपीसी) के प्लेटिनम जयंती समारोह में बोलते हुए गोयल ने कहा कि भारत 2014 में दुनिया की पांच सबसे कमजोर अर्थव्यवस्थाओं में से एक से आगे बढ़कर 2025 में शीर्ष पांच अर्थव्यवस्थाओं में से एक बन गया है। आने वाले दो-ढाई वर्षों में, भारत दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में से एक बन जाएगा।

भारत ने 7.8 प्रतिशत की जीडीपी का रिकॉर्ड बनाया

मंत्री ने हालिया आर्थिक प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि पिछली तिमाही में भारत की जीडीपी में 7.8 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जिसे उन्होंने एक रिकॉर्ड बताया। उन्होंने यह भी अनुमान लगाया कि 2047 तक भारत 30 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बन जाएगा ।

जीएसटी सुधार से देश और आम आदमी को मिलेगा लाभ

गोयल ने नए अवसर पैदा करने के लिए वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) जैसे सुधारों को श्रेय दिया। उन्होंने कहा कि जीएसटी सुधार बहुत व्यापक है। सरलीकरण और दरों में कटौती से देश की अर्थव्यवस्था और भी आगे बढ़ेगी। नए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। लोग ज्यादा खर्च करेंगे। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि जीएसटी दरों में कटौती का लाभ उपभोक्ताओं तक पहुंचे।

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इंजीनियरिंग निर्यात 116 अरब डॉलर तक पहुंचा

ईईपीसी के बारे में बोलते हुए, मंत्री ने देश की विकास गाथा में इंजीनियरिंग निर्यात की भूमिका की ओर इशारा किया। गोयल ने कहा कि 1970 में, ईईपीसी ने 1 करोड़ डॉलर मूल्य का माल निर्यात किया था। आज, ईईपीसी का निर्यात 116 अरब डॉलर तक पहुंच गया है।

स्वदेशी प्राथमिकता बढ़ाने पर दिया जोर

उन्होंने देश में ही उच्च-गुणवत्ता वाले उत्पादों के निर्माण और बिक्री की आवश्यकता पर जोर दिया और लोगों से स्वदेशी वस्तुओं के प्रति अपनी प्राथमिकता बढ़ाने का आग्रह किया। गोयल ने कहा कि हमें आज दुनिया द्वारा भारत में दिखाए जा रहे विश्वास को बनाए रखना चाहिए। 

भारत में किसी भी चुनौती से लड़ने के लिए पर्याप्त ताकत

गोयल ने कहा कि भारत जलवायु परिवर्तन से निपटने में एक ज़िम्मेदार भूमिका निभाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि वैश्विक जलवायु परिवर्तन की बड़ी चुनौती के सामने, भारत एक जिम्मेदार वैश्विक नागरिक की भूमिका निभा रहा है। वैश्विक स्थिरता प्रयासों में भारत शीर्ष तीन देशों में शामिल रहा है। उन्होंने कहा कि चाहे चुनौती कितनी भी बड़ी क्यों न हो, देश में पर्याप्त ताकत है। भारत किसी भी चुनौती से न तो डरता है और न ही झुकता है।

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