नौकरी क्षेत्र में काम करने वाले ऐसे लोगों की नौकरी नहीं जाएगी जिन्होंने अपने कार्य दक्षता को काफी अच्छे से सीख लिया है। नैसकॉम की अध्यक्ष देबजानी घोष का कहना है कि नई टेक्नोलॉजी आने से लोगों के लिए नए रोजगार पैदा होंगे।
उन्होंने कहा कि डीप टेक्नोलॉजी से कम से कम 55 तरह की नए जॉब प्रोफाइल पैदा होंगे। उन्होंने कहा कि अगले कुछ सालों में नैसकॉम की पहली प्राथमिकता होगी कि फ्यूचर टेक्नोलॉजी के लिए देश के 40 लाख आईटी वर्कर्स को फिर से रि-स्किल किया जाए। नैसकॉम के लिए यह सबसे बड़ी चुनौती भी होगी कि अगले चार-पांच साल में कम से कम 20 लाख लोगों को पहले रि-स्किल किया जाना है।
नौकरी में मदद करेंगे रोबोट और कंप्यूटर
नीति आयोग का मानना है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के आने से नौकरियों का स्वरूप बदल जाएगा और रोजगार के नए मौके उपलब्ध होंगे। साथ ही उनकी मदद के लिए कंप्यूटर और रोबोट भी होंगे। इसके अलावा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एल्गोरिदम के चलते देरी से निबटने वाले तुरंत किए जा सकेंगे। वहीं नैसकॉम भी आईटी वर्कर्स को फिर से रि-स्किल करने की बात कह रहा है।