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GST: मई में 3.2 फीसदी बढ़ा जीएसटी कलेक्शन, 1.94 लाख करोड़ रुपये के पहुंचा पार; फिर सरकार का क्यों हुआ नुकसान?

Mon, 01 Jun 2026 12:52 PM IST
Devesh Tripathi पीटीआई, नई दिल्ली

सार

केंद्र सरकार की ओर से मई 2026 के जीएसटी संग्रह के आंकड़े जारी किए गए हैं। आंकड़ों के मुताबिक जीएसटी कलेक्शन मई में 3.2 प्रतिशत बढ़कर 1.94 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा हो गया। बीते साल मई 2025 में सकल जीएसटी संग्रह 1.88 लाख करोड़ रुपये था।
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जीएसटी संग्रह - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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देश का सकल वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) संग्रह मई में 3.2 प्रतिशत बढ़कर 1.94 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा हो गया। सरकार की ओर से सोमवार को जारी आंकड़ों में यह जानकारी दी गई। मई 2025 में सकल जीएसटी संग्रह 1.88 लाख करोड़ रुपये था।
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मई 2026 में घरेलू लेनदेन से केंद्रीय जीएसटी (सीजीएसटी) संग्रह 37,397 करोड़ रुपये, राज्य जीएसटी (एसजीएसटी) संग्रह 45,143 करोड़ रुपये और एकीकृत जीएसटी (आईजीएसटी) संग्रह 51,990 करोड़ रुपये रहा।

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घरेलू मांग में दिखा मजबूती का संकेत
रिपोर्ट के अनुसार, कर योग्य वस्तुओं की आपूर्ति में 26.9 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई, जो घरेलू मांग में मजबूती का संकेत है। वहीं, सेवाओं की कर योग्य आपूर्ति 22.2 प्रतिशत बढ़ी, जो घरेलू खपत की मजबूती को दर्शाती है। मई के दौरान आयात से प्राप्त आईजीएसटी संग्रह 19.1 प्रतिशत बढ़कर 59,654 करोड़ रुपये हो गया। इसे औद्योगिक क्षमता में विस्तार का संकेत माना जा रहा है।

इस अवधि में जीएसटी रिफंड 2.6 प्रतिशत बढ़कर 27,281 करोड़ रुपये रहा। रिफंड समायोजित करने के बाद मई में शुद्ध जीएसटी राजस्व 3.3 प्रतिशत बढ़कर करीब 1.67 लाख करोड़ रुपये हो गया। इससे पहले अप्रैल में जीएसटी संग्रह 2.43 लाख करोड़ रुपये के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया था।
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मई में कलेक्शन बढ़ा, फिर कैसे हुआ सरकार का घाटा? 
अप्रैल 2026 के जीएसटी कलेक्शन के आंकड़ों के हिसाब से देखा जाए तो मई महीने में हुए जीएसटी कलेक्शन में सरकार को सीधे तौर पर घाटा हुआ है। जानकारों का मानना है कि पश्चिम एशिया संघर्ष से उपजे माहौल के चलते जीएसटी कलेक्शन पर यह असर पड़ा है। वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से देशहित में सोना न खरीदने जैसी अपील का भी इस पर असर पड़ा है। 
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