सरकार रुपे डेबिट कार्ड व कम राशि के भीम-यूपीआई लेनदेन को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहन देगी। इसके लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को 2,600 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन योजना को मंजूरी दी है। इस कदम से देश में डिजिटल भुगतान को और बढ़ावा मिलेगा। योजना के तहत बैंकों को चालू वित्त वर्ष यानी 2022-23 में रुपे और यूपीआई का इस्तेमाल कर ‘पॉइंट ऑफ सेल’ (पीओएस) यानी दुकानों पर लगी भुगतान मशीन और ई-कॉमर्स लेनदेन को बढ़ावा देने के लिए वित्तीय प्रोत्साहन दिया जाएगा। इसके तहत एक अप्रैल, 2022 से बैंकों को प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की गई है। योजना की अवधि एक साल है।
इन्हें होगा लाभ
केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा, कैबिनेट के फैसले से डिजिटल भुगतान व्यवस्था को एमएसएमई (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम), असंगठित क्षेत्र और सुदूर किसानों तक पहुंचाने में मदद मिलेगी।
तीन नई सहकारी समितियों के गठन को हरी झंडी
सरकार जैविक उत्पाद, बीज और निर्यात को बढ़ावा देने के लिए तीन नई सहकारी समितियों का गठन करेगी। केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा, मंत्रिमंडल ने राष्ट्रीय निर्यात समिति, राष्ट्रीय जैविक उत्पाद सहकारी समिति और राष्ट्र स्तरीय बहुराज्यीय बीज सहकारिता समिति की स्थापना को मंजूरी दी।
रुपे डेबिट कार्ड
भीम यूपीआई
इसके जरिये दुकानदार को 2,000 रुपये तक का भुगतान करने पर बैंक को लेनदेन की राशि का 0.25% मिलेगा।
बीमा, म्यूचुअल फंड, शिक्षा और रेलवे के लिए किए गए भुगतान की 0.15% रकम मिलेगी।