केंद्र सरकार ने शुक्रवार को आम बजट 2019-20 के लिए जनता से सुझाव मांगे हैं। सरकार का कहना है कि यह प्रक्रिया बजट में आम जनता की ज्यादा भागीदारी और उसकी इच्छाओं का समावेश करने के लिए अपनाई जा रही है। मोदी-2.0 सरकार का पहला आम बजट वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 5 जुलाई को पेश करेंगी।
59 वर्षीय वित्त मंत्री निर्मला के पहले बजट भाषण में शामिल होने वाले तथ्य भी तैयार कर लिए गए हैं। जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) की एल्युमिनी सीतारमण के बजट भाषण में आर्थिक मंदी, वित्तीय क्षेत्र से जुड़ीं बढ़ता एनपीए, गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थानों में तरलता संकट आदि समस्याओं, नई नौकरियां, निजी निवेश, निर्यात बढ़ाने, कृषि संबंधी संकट और राजकोषीय स्थिति से समझौता किए बिना सार्वजनिक निवेश बढ़ाने जैसे मुद्दे शामिल होंगे।
17 जून से शुरू हो रहा संसदीय सत्र
नवगठित 17वीं लोकसभा का पहला संसदीय सत्र 17 जून से 26 जुलाई तक चलेगा। 2019-20 के लिए आर्थिक सर्वे की रिपोर्ट 4 जुलाई को संसद में पेश की जाएगी और इसके अगले दिन 5 जुलाई को सीतारमण बजट पेश करेंगी।