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इस मंदिर में प्रसाद के तौर पर मिलता है सोना-चांदी, धनतेरस और दिवाली पर होता है खास आयोजन

Tue, 22 Oct 2019 02:21 PM IST
‌डिंपल अलवधी बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
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भारत में ऐसे कई मंदिर हैं, जो अपने आप में बेहद अनोखे हैं। ऐसा ही एक अनोखा मंदिर मध्य प्रदेश के रतलाम शहर के माणक में भी है। जहां प्रसाद के तौर पर ऐसी चीज मिलती है कि पहली बार में आप इस बात पर यकीन नहीं कर पाएंगे। आमतौर पर बाकी मंदिरों में भक्तों को प्रसाद के रूप में मिठाई या कुछ खाने वाली चीजें मिलती हैं, लेकिन मां महालक्ष्मी के इस मंदिर की सबसे खास बात ये है कि यहां भक्तों को प्रसाद के रूप में गहने मिलते हैं। 

भक्तों को मिलते हैं सोने-चांदी के सिक्के

जी हां, यहां आने वाले भक्त सोने-चांदी के सिक्के लेकर घर जाते हैं। मां महालक्ष्मी के इस मंदिर में साल भर भक्तों की भीड़ रहती है। भक्तजन यहां आकर करोड़ों रुपये के जेवर और नकदी माता के चरणों में चढ़ाते हैं। दीपावली के अवसर पर इस मंदिर में धनतेरस से लेकर पांच दिन तक दीपोत्सव का आयोजन किया जाता है। इस दौरान मंदिर को फूलों से नहीं बल्कि भक्तों द्वारा चढ़ाए गए गहनों और रुपयों से सजाया जाता है। 

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मंदिर में लगता है कुबेर का दरबार

दीपोत्सव के दौरान मंदिर में कुबेर का दरबार लगाया जाता है। इस दौरान यहां आने वाले भक्तों को प्रसाद स्वरूप गहने और रुपये-पैसे दिए जाते हैं। दीपावली के दिन इस मंदिर के कपाट 24 घंटे खुले रहते हैं। कहा जाता है कि धनतेरस पर महिला भक्तों को यहां कुबेर की पोटली दी जाती है। यहां आने वाले किसी भी भक्त को खाली हाथ नहीं लौटाया जाता। उन्हें कुछ न कुछ प्रसाद स्वरूप दिया ही जाता है। 

दशकों से चली आ रही है परंपरा 

मंदिर में गहनों और रुपयों को चढ़ाने की परंपरा दशकों से चली आ रही है। पहले यहां के राजा राज्य की समृद्धि के लिए मंदिर में धन आदि चढ़ाते थे और अब भक्त भी यहां जेवर, पैसे वगैरह माता के चरणों में चढ़ाने लगे हैं। मान्यता है कि ऐसा करने से उनके घरों में मां लक्ष्मी की कृपा हमेशा बनी रहती है। प्रसाद के मामले में सिर्फ यही मंदिर नहीं देश के ऐसे कई मंदिर शामिल हैं जहां अजब-गजब प्रसाद मिलते हैं जैसे जगन्नाथ पुरी का ही प्रसाद ले लिजिए यहां आपको 56 तरह का प्रसाद मिलता है यानी अगर आपने खाना नहीं खाया है तो जगन्नाथ मंदिर के प्रसाद से अपनी भूख मिटा सकते हैं। 

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इस मंदिर में मिलता है नूडल्स और चाउमीन का प्रसाद 

अगर आपको चाउमीन या नूडल्स खाने के शौकीन हैं तो कोलकाता के चाइनीज काली मंदिर जरूर जाएं क्योंकि यहां आपको नूडल्स और चाउमीन का ही प्रसाद मिलेगा। ब्रेड जैम किसे पसंद नहीं, ब्रेड आप किसी भी दुकान से खरीद लीजिए क्योंकि जैम तो आपको तमिलनाडु के मुरूगन स्वामी मंदिर में मिल ही जाएगा वो भी हर दिन अलग-अलग फ्लेवर का। प्याज चाहे कितना भी महंगा क्यों ना हो जाए लेकिन राजस्थान के गोगामेंधी मंदिर में आपको प्रसाद के तौर पर प्याज जरूर मिलेगी। यहां मंदिर में आए भक्तों के प्याज और मसूर की दाल देने का रिवाज है। मध्यप्रदेश का परमहंस मंदिर बच्चों को अच्छा खासा पसंद है क्योंकि यहां पर प्रसाद के रूप में कुकीज मिलती है और वो भी चॉकलेट कुकीज। 

यहां मिलता है प्रसाद में डोसा

अगर साउथ इंडियन खाने के शौकीन हैं तो तमिलनाडु के अलागर कोविल मंदिर जाना ना भूलिएगा यहां आपको बकायदा बैठा कर बड़े आराम से प्रसाद खिलाया जाएगा और यहां प्रसाद में आपको दिया जाएगा सांभर के साथ डोसा। 

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