फेडरल रिजर्व की ओर से ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद के बीच एशियाई शेयरों में मंगलवार को तेजी देखी गई। वहीं अमेरिकी वायदा बाजार में गिरावट आई और तेल की कीमतों में भी गिरावट आई। टोक्यो का निक्केई 225 लगभग अपरिवर्तित 48,628.85 पर रहा।
सॉफ्टबैंक के शेयरों में तेज गिरावट ने बाजार की धारणा को कमजोर कर दिया। कंपनी के शेयर 10.3% तक टूट गए, क्योंकि निवेशकों में यह आशंका गहराई कि ओपनएआई में उसके भारी निवेश से मिलने वाले रिटर्न पर खतरा बढ़ सकता है।
दक्षिण कोरिया में कोस्पी 0.3% बढ़कर 3,859.12 पर पहुंच गया। ताइवान का ताइएक्स 1.5% उछल गया। चीनी बाजारों में भी बढ़त रही। हांगकांग में, हैंग सेंग 0.4% बढ़कर 25,821.47 पर पहुंच गया, जबकि शंघाई कंपोजिट सूचकांक 0.9% बढ़कर 3,872.45 पर पहुंच गया। ई-कॉमर्स कंपनी अलीबाबा, जिसे मंगलवार देर रात अपनी आय की रिपोर्ट देनी थी, ने 1.6% की बढ़त हासिल की।
ऑस्ट्रेलिया का एसएंडपी/एएसएक्स 0.1% की बढ़त के साथ 8,537.00 पर बंद हुआ। एसएंडपी 500 इंडेक्स 1.5% चढ़कर 6,705.12 पर पहुंच गया, जो गर्मियों के बाद से इसका सबसे अच्छा दिन था। डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 0.4% बढ़कर 46,448.27 पर पहुंच गया, और नैस्डैक कंपोजिट इंडेक्स 2.7% बढ़कर 22,872.01 पर पहुंच गया।
बाजार को उम्मीद है कि फेड दिसंबर में अपनी अगली बैठक में मुख्य ब्याज दर में फिर से कटौती करेगा। इससे अर्थव्यवस्था और निवेश मूल्यों को बढ़ावा मिल सकता है। एआई की मजबूती से भी बाजार को फायदा हुआ। अल्फाबेट, जिसका नवीनतम जेमिनी एआई मॉडल छाया हुआ है, 6.3% चढ़ा और एसएंडपी 500 को ऊपर उठाने वाली सबसे मजबूत ताकतों में से एक रहा। एनवीडिया 2.1% चढ़ा।
हालिया आशंकाओं के बावजूद एसएंडपी 500 अभी भी अपने पिछले माह के रिकॉर्ड स्तर से सिर्फ 2.7% नीचे बना हुआ है। हालांकि बाजार के लिए इस हफ्ते कई अहम परीक्षाएं खड़ी हैं। सबसे बड़ा टेस्ट मंगलवार को आएगा, जब अमेरिकी सरकार सितंबर माह की थोक स्तर की महंगाई के आंकड़े जारी करेगी। अर्थशास्त्रियों का अनुमान है कि कीमतों में सालाना 2.6% की बढ़ोतरी दर्ज होगी, जो अगस्त के समान है। अगर आंकड़े उम्मीद से अधिक आते हैं, तो फेडरल रिजर्व दिसंबर में इस साल की तीसरी दर कटौती से पीछे हट सकता है, क्योंकि कम ब्याज दरें महंगाई को और बढ़ावा दे सकती हैं। कुछ फेड अधिकारी पहले ही दिसंबर में कटौती के खिलाफ तर्क दे चुके हैं। यह तर्क देते हुए कि महंगाई अभी भी उनके 2% के लक्ष्य से ऊपर बनी हुई है।
इसके बावजूद ट्रेडर्स का रुख काफी आशावादी है। सीएमई ग्रुप के डेटा के अनुसार बाजार लगभग 85% संभावना लगा रहा है कि फेड अगले महीने दरों में कटौती करेगा,जो शुक्रवार के 71% और एक हफ्ते पहले की आधी संभावना से काफी ज्यादा है।