Amnesty FCRA Violations: पहली रिपोर्ट के बाद केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की दलीलों पर गौर करते हुए विशेष अदालत ने एजेंसी से अन्य निदेशकों की भूमिका की जांच करने और पूरक अंतिम रिपोर्ट दाखिल करने को कहा था।
केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने कथित एफसीआरए उल्लंघनों के लिए एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और उसके तत्कालीन कार्यकारी निदेशक आकार पटेल के खिलाफ अपनी जांच के सिलसिले में एक पूरक आरोपपत्र दायर किया है। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
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एजेंसी ने एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (एआईआईपीएल) और पटेल के खिलाफ सात जनवरी, 2022 को यहां एक विशेष अदालत में दर्ज पहली रिपोर्ट के करीब 23 महीने बाद आरोपपत्र दायर किया। अपनी हालिया पूरक रिपोर्ट में एजेंसी ने पटेल, एआईआईपीएल, इंडियंस फॉर एमनेस्टी इंटरनेशनल ट्रस्ट (आईएआईटी), एआईआईपीएल की तत्कालीन निदेशक शोभा मथाई, नंदिनी आनंद बसप्पा, मीनार वासुदेव पिंपले, एआईआईपीएल के संचालन प्रमुख मोहन प्रेमानंद मुंदकुर और इसके अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता राज किशोर कपिल सहित आठ संस्थाओं के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 120 बी (आपराधिक साजिश) और विदेशी अभिदाय (विनियमन) अधिनियम, 2010 की धारा 11 (1) 35 और 39(2) के तहत आरोप पत्र दायर किया है।
पहली रिपोर्ट के बाद केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की दलीलों पर गौर करते हुए विशेष अदालत ने एजेंसी से अन्य निदेशकों की भूमिका की जांच करने और पूरक अंतिम रिपोर्ट दाखिल करने को कहा था।