खस्ताहाल सरकारी एयरलाइन कंपनी एयर इंडिया ने लगातार एक साल तक ऐसे व्यक्ति को दो करोड़ रुपये से ज्यादा की सैलरी दी, जो उनके यहां पर काम ही नहीं करता था। खुलासा होने के बाद कंपनी ने उक्त व्यक्ति को बकाया वसूलने के लिए नोटिस भेजा है। फिलहाल वो शख्स नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) में मुख्य फ्लाइट ऑपरेशन इंस्पेक्टर के पद पर तैनात है।
एक साल तक दोनों कंपनियों से ली सैलरी
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, कैप्टन अतुल चंद्रा फिलहाल एयर इंडिया में तैनात हैं। प्रतिनियुक्ति पर उनको डीजीसीए में तैनात किया गया था। डीजीसीए में तैनाती के दौरान एयर इंडिया ने उनको 2017-18 में ज्वाइंट जनरल मैनेजर नियुक्त किया था। नियमों के अनुसार एक व्यक्ति दो संस्थानों से सैलरी नहीं ले सकता है और न ही काम कर सकता है। हालांकि अतुल चंद्रा ने एयर इंडिया से भी सैलरी मिलने का किसी को नहीं बताया और उनको डीजीसीए से भी सैलरी मिलती रही।
एयर इंडिया से मिली 2.8 करोड़ रुपये की सैलरी
2017 से लेकर के जनवरी 2019 तक अतुल को हर साल एयर इंडिया से 2.8 करोड़ रुपये की सैलरी मिलती रही। टैक्स काटकर उनको 1.97 करोड़ रुपये की सैलरी मिलती रही। अब एयर इंडिया ने उक्त कर्मचारी को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है।
वापस मिली धनराशि
हालांकि नोटिस जारी करने से पहले ही कैप्टन चंद्रा ने एयर इंडिया को 80 लाख रुपये जनवरी में वापस कर दिए थे। हालांकि जिस व्यक्ति को एयर इंडिया ने खुद ही दूसरे संस्थान में प्रतिनियुक्ति पर भेजा, वो कैसे कई सालों तक सैलरी देता रहा, और अखबार में खुलासा होने के बाद ही वो नींद से जागा।