कुवैत और भारत ने एक नए हवाई सेवा समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसका उद्देश्य दोनों देशों के बीच साप्ताहिक हवाई क्षमता को 50 प्रतिशत तक बढ़ाना है। गल्फ न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, इस साझेदारी के तहत अब दोनों देशों की एयरलाइन कंपनियों को प्रत्येक दिशा मे प्रति सप्ताह 18,000 सीटें बढ़ाने की अनुमति मिलेगी। यह पहले 12,000 सीटों तक सीमित थी।
ये भी पढ़ें: ADB: एडीबी ने त्रिपुरा के औद्योगिक क्षेत्रों के लिए दिया ₹975 करोड़ का ऋण, बुनियादी ढांचा निर्माण पर होगा खर्च
2006 के बाद पहली बार हुआ समझौता
कुवैत समाचार एजेंसी के अनुसार कुवेत के नागिरक उड्डयन महानिदेशालय के अध्यक्ष शेख हमूद मुबारक अब सबाह और भारत के नागरिक उड्डयन सचिव समीर कुमार सिन्हा ने हवाई यात्रा पर एमओयू पर हस्ताक्षर किए। 2006 के बाद पहली बार, यह समझौता द्विपक्षीय हवाई सेवा अधिकारों के विस्तार का प्रतीक है। वर्ष 2006 में आखिरी बार हवाई सेवा क्षमता को बढ़ाकर 8,320 सीटें की गई थी।
दोनों देशों के हवाई परिवहन बाजार को विस्तार मिलेगा
कुवैती शाही परिवार के सदस्य शेख हमूद अल सबाह ने कहा कि यह बहुप्रतीक्षित समझौता नागरिक उड्डयन क्षेत्र में दोनों देशों के बीच समन्वय और रणनीतिक साझेदारी को गहरा करने के लिए चल रहे प्रयासों के हिस्से के रूप में आया है। उन्होंने आगे कहा कि यह दोनों देशों के लिए हवाई परिवहन बाजार को समर्थन और विस्तार देगा। इसका ध्यान यात्रियों की अपेक्षाओं को पूरा करने और विमानन उद्योग की उभरती गतिशीलता के साथ तालमेल बिठाने पर होगा।
कुवैत एयरवेज और इंडिगो हैं बड़े खिलाड़ी
वर्तमान में, कुवैत एयरवेज, जजीरा एयरवेज, एयर इंडिया एक्सप्रेस, इंडिगो और अकासा एयर जैसी एयरलाइंस भारत-कुवैत मार्ग पर प्रतिदिन लगभग 40 उड़ानें संचालित करती हैं।
खासतौर पर कुवैत एयरवेज 54 साप्ताहिक उड़ानों के साथ सबसे आगे है, उसके बाद इंडिगो 36 उड़ानों के साथ दूसरे स्थान पर है। इससे वे इस कॉरिडोर पर दो प्रमुख खिलाड़ी बन गए हैं।
भारतीय एयरलाइंस ने अतिरिक्त सीटों की मांग की
गल्फ न्यूज के अनुसार इंडिगो प्रति सप्ताह अतिरिक्त 5,000 सीटों की मांग कर रही है। जबकि एयर इंडिया एक्सप्रेस और अकासा एयर ने 3,000-3,000 सीटों का अनुरोध किया है। एयर इंडिया कथित तौर पर अपनी क्षमता में 1,500 सीटें बढ़ाने का लक्ष्य लेकर चल रही है। विस्तारित क्षमता के तहत उड़ानें अगस्त 2025 में शुरू होने की उम्मीद है। भारतीय एयरलाइंस नए समय स्लॉट सुरक्षित करने के लिए कुवैत अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे के साथ समन्वय कर रही हैं।