आज संसद में वित्त मंत्री अरुण जेटली राजग सरकार का तीसरा आम बजट पेश करेंगे। जहां इस बजट में सभी का ध्यान कर और उससे जुड़ें प्रावधानों पर होगा वहीं रक्षा बजट पर भी लोगों की निगाहें लगी रहेंगी। आपको बता दें कि पिछले रक्षा बजट के आंकड़ों के मुताबिक भारत छठें स्थान पर था।
वहीं अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोश (आईएमएफ) की मानें तो दुनिया की ग्रोथ सुस्त है, लेकिन देश अपने रक्षा बजट पर खासा जोर दे रहे हैं। आईएचएस के 2015 में जारी आंकड़ों के मुताबिक रक्षा बजट पर सबसे अधिक खर्च अमेरिका का है।
2015 में इसका रक्षा बजट 569.3 अरब डॉलर का था। हालांकि यह 2014 के 587 अरब डॉलर के मुकाबले कम था। रक्षा पर खर्च के मामले में चीन (190.9 अरब डॉलर) दुनिया का दूसरा बड़ा देश है।