भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के प्रबंध निदेशक अश्विनी भाटिया ने शुक्रवार को कहा कि फिनटेक भारतीय बैंकिंग और भुगतान प्रणाली के लिए आगे का रास्ता है और इस क्षेत्र में विकास के बहुत अवसर है।फिनटेक ऐसी वित्तीय कंपनियां हैं, जो काम में तेजी लाने और लागत में कटौती के लिए प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल कर रही हैं।
डिजिटल रूप से हो रहे हैं 91 फीसदी काम
भाटिया ने एसबीआई का उदाहरण देते हुए कहा कि अब 91 फीसदी काम डिजिटल रूप से हो रहे हैं, जो 35 साल पहले अकल्पनीय था। उन्होंने भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) के एक आभासी सम्मेलन में कहा कि, 'हम मानते हैं कि यह 91 फीसदी से 100 फीसदी हो जाएगा। भारतीय स्टेट बैंक जैसे बैंक के लिए, और जाहिर तौर पर दूसरे बैंक, सभी डिजिटल रूप से आगे बढ़ने जा रहे हैं। इसमें कोई संदेह नहीं है। स्मार्टफोन की पहुंच भी बढ़ने वाली है।'
तेज होगी बदलाव की प्रक्रिया
उन्होंने कहा कि आने वाले समय में शाखाएं सिर्फ वितरण केंद्र के रूप में काम करेंगी, जैसा कि यूरोप और अन्य स्थानों पर हुआ है। उन्होंने कहा, 'इसमें बड़े अवसर छिपे हैं और मुझे यकीन है कि बदलाव की यह प्रक्रिया बहुत तेज होगी। जहां तक भारतीय बैंकिंग और भुगतान प्रणाली की बात है तो फिनटेक आगे का रास्ता हैं।'
बंधन बैंक के प्रबंध निदेशक चंद्रशेखर घोष ने कहा कि, 'धन की व्यवस्था को चलाने के लिए बैंक और फिनटेक साथ मिलकर काम करेंगे। फिनटेक के ऐसे फायदे हैं, जो बैंक से नहीं मिल सकते, और इसका उल्टा भी सही है। दोनों के तालमेल से ग्राहकों को सबसे बेहतर मूल्य मिलेगा।'