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नोटबंदी: सभी तरह के लोन जल्द होंगे सस्ते

Wed, 16 Nov 2016 03:19 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
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अरुंधति भट्टाचार्य - फोटो : getty images
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मोदी सरकार की ओर से की गई नोटबंदी की घोषणा के बाद से देशभर में बैंकों और एटीएम के बाहर लंबी कतारें लगी हैं। करोड़ों लोग कैश की दिक्कत से जूझ रहे हैं। इस समस्या को दूर करने के लिए पीएम मोदी ने भले ही 50 दिन का वक्त मांगा है लेकिन जनता को राहत देने के लिए कुछ और फैसले जल्द किए जा सकते हैं। 
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8 नवंबर को नोटबंदी के निर्णय के बाद से एसबीआई और इसके सहयोगी बैंकों की 24 हजार ब्रांचों में मंगलवार तक लोगों ने 92 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा जमा क‌िए हैं। इकोनॉमिक टाइम्स के साथ बातचीत में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) की चेयरमैन अरुंधति भट्टाचार्य ने बताया कि सभी तरह के लोन जल्‍द सस्ते किए जाएंगे।

सरकार के नोटबंदी के फैसले की हो रही आलोचना पर एसबीआई की चेयरमैन ने कहा,' इस तरह के काम के लिए गोपनीयता की जरूरत होती है। इसमें थोड़ी बहुत परेशानी भी होती है। हमारे देश में जीडेपी का 10 प्रतिशत से ज्यादा कैश में मोजूद है। इसलिए कई समस्याएं हैं।'
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'दिल्ली, कोलकाता और बंगलुरू में अब भ्‍ाी लंबी लाइनें लग रही हैं'

- फोटो : getty images
नोटबंदी की घोषणा के बाद देश में अफरा-तफरी के माहौल पर अरुंधति भट्टाचार्य ने कहा कि कई राज्यों में हालात बेहतर हुए हैं। मुंबई में लाइनें  छोटी हो रही हैं। जबकि दिल्ली, कोलकाता और बंगलुरू में अब भ्‍ाी लंबी लाइनें लग रही हैं। लोगों में  घबराहट कम होने लगी है। हमने वरिष्ठ नागरिकों और नए खाताधारकों के लिए कई काउंटर लगाए हैं। कस्टमर्स के लिए पीने के पानी का इंतजाम किया गया है।' 

देश में नोटबंदी के बाद के हालात पर इकोनॉमिक टाइम्स से एसबीआई चेयरमैन ने कहा, 'एटीएम एक हफ्ते में काम करने लगेंगे। इसके बाद स्थिति सामान्य होने लगेगी। इस दौरान लोगों से हमारी अपील है लोग डिजिटल और प्लास्टिक मनी का इस्तेमाल करें। अगर सभी ऐसा करें तो टैक्स दर और कीमतों में कमी आ जाएगी।

करप्शन से छुटकारा पाने के लिए डिजिटल यूज ही उपाय है। वरना लोग फिर कैश इकट्ठा करने लगेंगे। जो लोग कह रहे हैं कि हमारे पास मजदूरों को देने के लिए पैसे नहीं है। यह वे लोग हैं जो मजदूरों को न्यूनतम मजदूरी नहीं दे रहे हैं।  मैं सार्वजनिक तौर पर कहती हूं कि अगर कोई अपने कर्मचारियों के लिए अकाउंट खुलवाना चाहता है। हम उनका अकाउंट खोलेंगे।'
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